कलयुग में जहां कुछ लोग अपने बुजुर्ग मां-बाप को बोझ समझकर वृद्धाश्रम में छोड़ आते हैं। वहीं, ऐसे लोग भी हैं जो 'श्रवण कुमार' बनकर अपने बूढ़े मां-बाप की सेवा कर रहे हैं।
अलीगढ़ जिले के बहमती गांव निवासी सुरेश सिंह, राजू सिंह, भोलाराम और मोती सिंह अपनी 95 साल की वृद्ध मां हरकेबेदी को कांवड़ में बैठाकर बृज चौरासी कोस की परिक्रमा लगवा रहे हैं।
मथुरा के परिक्रमा मार्ग पर जगह-जगह इन पुत्रों के सेवा भाव को देखने वाले इनकी वाह-वाह कर रहे हैं। कांवड़ में लेटी मां भी हाथ उठाकर अपने बच्चों को आशीर्वाद दे रही है।