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आगरा: बारिश में बढ़ी मरीजों की संख्या, सरकारी अस्पतालों के पर्चा काउंटर पर धक्का-मुक्की, व्यवस्थाएं हुई ठप

Tue, 03 Aug 2021 06:11 AM IST
Abhishek Saxena न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा

सार

एसएन मेडिकल कॉलेज, जिला अस्पताल और लेडी लॉयल में सोमवार को 3000 से अधिक मरीज ओपीडी में पहुंचे। पर्चा काउंटर पर गार्ड तक तैनात नहीं थे। 
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अस्पताल की ओपीडी पर लगी लाइन - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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बारिश में पेट रोग, त्वचा रोग, ईएनटी रोग समेत अन्य मर्ज के मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है। एसएन मेडिकल कॉलेज, जिला अस्पताल और लेडी लॉयल में सोमवार को 3000 से अधिक मरीज ओपीडी में पहुंचे। पर्चा काउंटर पर गार्ड तक तैनात नहीं थे। पहले पर्चा बनवाने की आपाधापी में मरीजों और तीमारदारों के बीच धक्का-मुक्की हुई। 

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अन्य अव्यवस्थाएं भी रहीं। लेडी लॉयल में गर्भवती महिलाओं के लिए बैठने के लिए व्यवस्था नहीं है। इससे मरीजों को परेशानी उठानी पड़ रही है। एसएन मेडिकल कॉलेज की ओपीडी में पर्चे पर लिखी पूरी दवाएं मरीजों को नहीं मिल सकीं।

एसएन: पर्चे पर लिखीं पांच, मिली दो ही दवाएं
एसएन मेडिकल कॉलेज की ओपीडी में आने वाले मरीजों को सभी दवाएं उपलब्ध नहीं हो रही हैं। ओपीडी में पेट रोग, त्वचा रोग और हड्डी रोग के मरीज सबसे ज्यादा आ रहे हैं। इनकी संख्या कुल ओपीडी की आधी है। मरीजों को पर्चे पर औसतन पांच दवाएं लिख रहे हैं, जिसमें से एक या दो ही मिल पा रही हैं। बाकी की दवाएं मरीजों को खरीदनी पड़ रही हैं। 
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चार में से एक दवा मिली
सिरसागंज के लालाराम ने बताया कि उन्हें बुखार-खांसी के अलावा पेट में परेशानी है। डॉक्टर ने पर्चे पर चार दवाएं लिखी थीं। काउंटर से एक ही मिली, बाकी की तीन बाजार से खरीदीं। 

न्यूरो की एक भी दवा नहीं
फिरोजाबाद से आए सुनील कुमार ने बताया कि उनके शरीर का एक हिस्सा सुन्न रहता है। पर्चे पर चार दवाएं लिखीं, जिसमें से एक भी दवा नहीं मिली। यह महंगी दवाएं बाजार से खरीदनी पडे़ंगी।

लेडी लॉयल: दो घंटे में मिला इलाज, जमीन पर बैठीं गर्भवती
लेडी लॉयल में गर्भवती महिलाओं पर्चा बनवाने और इलाज के लिए दो घंटे तक इंतजार करना पड़ा। ओपीडी में मरीजों के बैठने तक के लिए पर्याप्त व्यवस्था नहीं की गई। इलाज के लिए गर्भवती महिलाओं को दो-दो घंटे तक लाइन में लगना पड़ा। परेशान होने पर थक जाने पर जमीन पर ही बैठकर इंतजार करती रहीं।  

खड़े होने से दिक्कत बढ़ी
- टेढ़ी बगिया निवासी गर्भवती नौरीन ने बताया कि पर्चा बनवाने में देरी हुई। ओपीडी में करीब दो घंटे तक इंतजार करना पड़ा। बैठने के लिए भी व्यवस्था नहीं। खड़े होने से दिक्कत हो रही थी। सीढ़ियों पर ही बैठ गई।
 
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जिला अस्पताल: सर्वर की दिक्कत, देर से बने पर्चे
जिला अस्पताल में 1,547 मरीज पहुंचे। सुबह करीब साढ़े आठ बजे सर्वर की दिक्कत से पर्चा बनाने में देरी हुई। 10 बजे तक काउंटर पर मरीजों की भीड़ जुट गई। जल्दी पर्चा बनवाने के लिए धक्का-मुक्की होने लगी। गार्ड भी नहीं थे, जिससे अव्यवस्था फैल गई। मरीजों को परेशानी उठानी पड़ी।

सबसे अधिक मेडिसिन विभाग में आए मरीज
अस्पताल:               मेडिसिन        त्वचा,              हड्डी            ईएनटी,       नेत्र रोग    सर्जरी      सांस रोग           
एसएन:                  191             141              141           76         71          58         40
जिला अस्पताल          282             219               128           110       130       16          35

दवाओं की सूची मांगी है
सभी विभागाध्यक्षों से बैठक कर जरूरत की दवाओं की सूची मांगी है। इनकी खरीद की जाएगी। ओपीडी में स्ट्रेचर, व्हीलचेयर और वार्ड ब्वॉय की संख्या दो गुना कर दी है। -डॉ. प्रशांत गुप्ता, प्राचार्य एसएन कॉलेज 

गार्ड व काउंटर बढ़ाता हूं
सोमवार को मरीजों की संख्या अधिक रहती है। सर्वर की दिक्कत से परेशानी हुई। गार्ड भी तैनात किए थे, एक और गार्ड बढ़ाता हूं। पर्चे के लिए एक काउंटर बढ़ाया जाएगा।  -डॉ. एके अग्रवाल, एसआईसी जिला अस्पताल

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