विकसित काॅरिडोर, मंदिर और घाटों पर अगले साल फिर मिलेंगे
संवाद न्यूज एजेंसी
बाह। प्रयाग, हरिद्वार, उज्जैन और नासिक के बाद बटेश्वर को पांचवें कुंभ का दर्जा दिलाने के संकल्प के साथ बुधवार को संत एवं नागा बटेश्वर मेले से वापस लौट गए। ?यमुना में शाही स्नान का नेतृत्व करने महामंडलेश्वर बाबा बालकदास ने बताया कि तैयार हो चुके मंदिर कॉरिडोर सज-संवर चुके मंदिर और घाटों की इस भव्य गरी में अगले साल फिर मिलेंगे।
उन्होंने धार्मिक पर्यटन की दृष्टि से बटेश्वर के विकास के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का आभार जताया। पांचवें महाकुंभ का दर्जा मिलने की उम्मीद भी जताई। 9 नवंबर को औपचारिक रूप से संपंन्न हुए बटेश्वर मेले में तीर्थ को पांचवें महाकुंभ का दर्जा दिलाने के लिए भिंड, मुरैना, धौलपुर, फिरोजाबाद, इटावा, बुलंदशहर, दिल्ली, मथुरा, कानपुर, पंजाब तक के संत एवं नागा पहुंचे थे। तीन शाही स्नान के साथ ही धर्मसंसद का आयोजन हुआ। जिसमें काफी संख्या में श्रद्धालु भी शामिल हुए थे। बुधवार को अपने गंतव्य के लिए विदा हुए संतों का रास्ते में भक्तों ने वंदन किया। बटेश्वर मेले में सभी संप्रदाय के संतों ने अपने अखाड़े बनाए थे। मेला काल में धार्मिक अनुष्ठान कराए थे, भंडारे के बाद वापस लौट गए।
बटेश्वर : शिवभक्ति में रंगे श्रद्धालु, मेले में की खरीदारी
बाह। भले ही बटेश्वर मेला संपन्न हो गया है। पर, बुधवार को भी मेले से लेकर बटेश्वर के घाट तक भक्तों की भारी भीड़ रही। किसी ने शिव-पार्वती को अपने सौभाग्य के लिए पूजा तो किसी ने अपनी मन्नत के लिए नंदी बाबा के कान फूंके। श्रद्धालु शिव भक्ति में रंगे रहे। महिलाओं खुशबू, संगीता, गंगा देवी, मिथलेश, युवती रेखा, रागिनी, महिमा, नीतू ने बताया कि उन्होंने नंदी के कान फूंककर भोलेनाथ से मन्नत मांगी है। बटेश्वर मेले में खरीदारी और भोले की पूजा को दिनभर भक्तों की भीड़ रही। महिला जानकी, सुमेरा, मंजू, सुमन, लक्ष्मी, सुलेखा, अर्चना ने बताया कि सालभर के लिए गृहस्थी की जरूरत का सामान खरीदा है। दुकानदार शान मोहम्मद, दरियाब सिंह ने बताया कि कंबल, रजाई और गर्म कपड़े की मांग ज्यादा रही है। बक्से, पत्थर एवं लकड़ी के सामान, हींग खूब बिकी हैं। मंदिर के पुजारी जयप्रकाश गोस्वामी, राकेश वाजपेयी ने बताया कि बुधवार को भी बटेश्वर में दर्शन पूजन के लिए भक्तों का दिनभर तांता लगा रहा। विभिन्न मंदिरों में अनुष्ठान भी कराए। मेले में इन दिनों स्थानीय लाेग खूब खरीदारी कर रहे हैं। संवाद