आगरा। ताजनगरी रविवार को प्रदूषण के रेड जोन में पहुंच गई। वायु गुणवत्ता सूचकांक 366 दर्ज किया गया। संजय प्लेस और ताजमहल के पास की हवा सबसे ज्यादा जहरीली रही। धुंध छाए रहनेे के कारण धूल कणों में खासा इजाफा हुआ। यह स्थिति सांस रोगियों और अस्थमा के मरीजों के लिए खतरनाक है।
शहर में व्यावसायिक स्थल संजय प्लेस में बंदी का दिन होने के बाद भी यहां एक्यूआई 489 रहा। इसके बाद ताजमहल के आसपास की हवा सबसे ज्यादा प्रदूषित रही, यहां एक्यूआई 366 रहा। ताज के पास मेट्रो का कार्य चल रहा है, जिसके कारण फतेहाबाद रोड से पुरानी मंडी तक हवा लगातार खराब चल रही है। एनएच-2 पर नाला निर्माण का कार्य चल रहा है। आईएसीबीटी फ्लाईओवर पर मिट्टी का काम बंद हो चुका है लेकिन अब नाले का काम शुरू होने से यहां प्रदूषण बढ़ गया है। यूपीसीबी के अधिकारियों का कहना है कि सभी विभागों को प्रदूषण नियंत्रण के उपाय करने को कहा गया है। धुंध के कारण वायु प्रदूषण का स्तर बढ़ा हुआ है।
ताज पर आ रहे रोजाना 20 हजार वाहन
ताजमहल पर टूरिस्ट सीजन में रोजाना तकरीबन 20 हजार वाहनों का आवागमन हो रहा है। बाहरी जिलों से आने वाले वाहनों से भी हवा की सेहत बिगड़ रही है। कोहरा और धुंध के कारण भी धूल के कण बैठ नहीं पा रहे हैं। इससे भी शहर रेड जोन में बना हुआ है। कूड़ा जलाने पर भी रोक नहीं लग सकी है।