ओएनजीसी की टीम ने बोरिंग कराकर लिए नमूने
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कासगंज। भूगर्भ में तैलीय पदार्थों की जांच के लिए ओएनजीसी की टीम डेरा जमाए हुए हैं। अब तक 12 नमूने संग्रहीत कर जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे जा चुके हैं। यह टीम पटियाली से इलाहाबाद तक निर्धारित स्थानों पर सर्वेक्षण का कार्य कर रही है। जमीन में तेल के संकेत टीम को मिल रहे हैं।
10 साल पहले जिले में पेट्रोलियम मंत्रालय ने सर्वेक्षण कराया था। सर्वे में जमीन में तैलीय पदार्थ होने की संभावना व्यक्त की गई थी। अब इसकी पुष्टि करने के लिए भारत सरकार ने तेल एवं प्राकृतिक गैस निगम (ओएनजीसी) की टीम को जिम्मेदारी सौंपी है। यह टीम पिछले सप्ताह जमीन में तेल की जांच के लिए पटियाली क्षेत्र पहुंची। क्षेत्र के गांव ताजपुर तिगरा से सर्वेक्षण कार्य की शुरूआत हुई। नगला खार सहित अब तक कई गांव में सर्वेक्षण का कार्य पूरा करा लिया गया है। 12 नमूने जांच के लिए केंद्रीय प्रयोगशाला भेज दिए गए हैं। ओएनजीसी की टीम पटियाली से लेकर इलाहाबाद तक सर्वेक्षण कार्य करेगी। टीम प्रतिदिन दो से तीन नमूने संग्रहीत कर रही है। टीम के जानकारों का मानना है कि कहीं न कहीं भूगर्भ में तैलीय पदार्थ हैं।
ग्रामीणों में कौतूहल
कासगंज। ओएनजीसी की टीम निर्धारित स्थान पर बोरिंग करती है और उसी खेत में टेंट लगाकर नमूना संग्रहीत करती है। टीम के अलग-अलग गांवों में पहुंचने पर ग्रामीणों के लिए यह कौतूहल का विषय बना हुआ है। ग्रामीण समझ नहीं पा रहे कि आखिर टीम किस नतीजे तक पहुंचना चाह रही है।
मंत्रालय कर रहा निगरानी
कासगंज। ओएनजीसी की टीम द्वारा प्रतिदिन किए रहे सर्वेक्षण की रिपोर्ट पेट्रोलियम मंत्रालय को भेजी जा रही है। टीम के पर्यवेक्षक से मंत्रालय अधिकारी प्रतिदिन फोन पर जानकारी कर रहे हैं। यह पुष्टि टीम के अधिकारियों ने की है।
नमूने लेकर जांच के लिए भेजे गए हैं। जमीन में तेल की क्या स्थिति है, सार्वजनिक नहीं किया जा सकता। धीमे धीमे टीम आगे बढ़ रही है। इलाहाबाद तक सर्वेक्षण का कार्य होना है। 12 नमूने जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे गए हैं।
रवि कुमार, पर्यवेक्षक, ओएनजीसी टीम