आगरा। ताजनगरी से अमरनाथ यात्रा पर 200 से अधिक लोग गए हुए हैं। आतंकी हमले के बाद सभी बुरी तरह से सहम गए। जो जहां था, वहीं पर ठहर गया। हमले के समय अनंतनाग, बालटाल और पवित्र गुफा के पास थे आगरा के श्रद्धालू। इनके परिवारीजन भी बेचैन हो गए। सभी ने फोन से संपर्क किया।
बाबा अमरनात्र यात्रा संघ के अध्यक्ष पदम कुमार पिछले सप्ताह पूरे जत्थे के साथ आगरा से अमनरनाथ यात्रा के लिए रवाना हुए थे। आतंकी हमले के वक्त वे लोग गुफा के पास थे। उन्हें फोन से हमले की सूचना मिली। पूरा जत्था सहम गए। सभी लोग वहीं रुक गए। पदम सिंह ने बताया कि वह पहले भी आ चुके हैं। इस बार सबसे कड़ी सुरक्षा थी। इसके बावजूद हमला कैसे हो गया, समझ में नहीं आ रहा है।
उन्होंने बताया कि सभी यात्री बेचैन हैं। ताजगंज, राजपुर चुंगी, सदर केलोग जत्थे में है। सभी के पास घरों से फोन आ रहे हैं। आगरा के करीब 200 लोग पिछले तीन दिन में पहुंचे हैं। इतने ही लोग दर्शन करके जा चुके हैं। पिछले साल भी बड़ी संख्या में लोग गए थे। बालटाल के पास आगरा के यात्रियों की बसों पर पथराव हुआ था। इसके बावजूद हौंसला कम नहीं हुआ। इस बार भी काफी लोग गए हैं।
एक और जत्था रवाना होने की तैयारी में
हिंदू जागरण मंच के प्रांतीय उपाध्यक्ष अविनाश राणा ने बताया कि अगले कुछ दिनों में सेंट पीटर्स चर्च के सामने स्थित हनुमान मंदिर से अमरनाथ यात्रियों का एक जत्था रवाना होने वाला था। यहां से प्रतिवर्ष दो बसें अमरनाथ यात्रा पर जाती हैं। यात्रा की पूरी तैयारियां हो चुकी हैं लेकिन सोमवार रात को हुए आतंकी के हमले से यात्री दहशत में हैं। फोन पर एक दूसरे से जानकारी ले रहे हैं। कई लोगों का फोन अविनाश राणा के पास भी आया है। कुछ लोगों का कहना है कि पहले माहौल देखते हैं, उसके बाद ही फैसला करेंगे यात्रा पर जाएं या नहीं लेकिन कुछ लोग ऐसे हैं, जो यात्रा को रद करने के पक्ष में हैं। अविनाश राणा ने बताया कि अधिकांश लोग आतंकियों की इस कायराना हरकत न डर यात्रा पर जाने पर ही अड़े हैं।
यात्रा पर जाएंगे बजरंग दल के कार्यकर्ता
बजरंग दल के प्रांतीय उपाध्यक्ष सुनील पाराशर ने बताया कि बजरंग दल के कार्यकर्ताओं के जत्थे अमरनाथ यात्रा पर हर वर्ष जाते हैं। इस बार भी 25 जुलाई को कार्यकर्ताओं के अमरनाथ जाने का कार्यक्रम तय है। आतंकवादियों ने निर्दोष तीर्थ यात्रियों पर हमलाकर उनकी जान ली है, इससे शर्मनाक और क्या होगा लेकिन बजरंग दल के कार्यकर्ता इससे डरने वाले नहीं है। 25 को कार्यकर्ताओं के जत्थे अमरनाथ यात्रा पर रवाना होंगे।
यात्रा से लौटे यात्रियों ने ली राहत की सांस
पूर्व मंत्री व वरिष्ठ भाजपा नेता डा. राम बाबू हरित भी पिछले दिनों अपने परिवार के साथ अमरनाथ यात्रा पर गए थे। वह हाल ही में लौटे हैं। सोमवार को जैसे ही अमरनाथ यात्रियों पर आतंकी हमले की जानकारी हुई, उनका परिवार सहम गया। डा. राम बाबू हरित का कहना है कि एक जुलाई को यात्रा पर निकले थे। अमरनाथ में चप्पे-चप्पे पर सैनिक तैनात थे। सुरक्षा के कड़े बंदोबस्त थे। इसे देखकर एक पल भी नहीं लग रहा था कि आतंकी अपने नापाक मंसूबों में कामयाब भी हो सकते हैं। लाडली कटरा निवासी लव तिवारी भी दो दिन पहले ही अपने दोस्तों के साथ अमरनाथ यात्रा से लौटे हैं।