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UP: दवा और हौसले ने जीती जंग... ताजनगरी में 27 ग्राम पंचायतों से टीबी बाय-बाय; डीएम जारी करेंगे प्रमाणपत्र

Thu, 21 Mar 2024 10:32 AM IST
भूपेन्द्र सिंह धर्मेंद्र त्यागी, अमर उजाला, आगरा

सार

टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत यह सफलता मिली। जिले में कुल 690 ग्राम पंचायतें हैं। इनमें 27 ग्राम पंचायतों से टीबी बाय-बाय हो गई है। सबसे ज्यादा जैतपुरा कलां के चार गांव शामिल हैं। खेरागढ़, अछनेरा और बाह के तीन-तीन गांव हैं।
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tb - फोटो : tb
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विस्तार
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टीबी...नाम सुनते ही मरीजों का दिल बैठ जाता। अब वो वक्त बदला, दवा और हौसले की डोज भारी पड़ी और मर्ज पूरी तरह से ठीक भी हुआ। ताजनगरी आगरा में एक-दो नहीं, पूरे 27 ग्राम पंचायतों से टीबी बाय-बाय हो गई। साल भर निगरानी के बाद इनको टीबी मुक्त घोषित कर दिया है।

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टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत जिले की 690 ग्राम पंचायतों में सक्रिय क्षय रोग खोज अभियान चलाया गया। इसमें चिह्नित मरीजों की जांच, दवा और काउंसिलिंग की गई। मरीजों के परिजन को बीमारी से बचाने के लिए भी दवाएं दीं। जनवरी से दिसंबर 2023 तक निगरानी में 27 ग्राम पंचायतों में एक भी मरीज नहीं मिला। उन्हें टीबी मुक्त घोषित कर दिया। शासन और सरकार को भी पत्र भेज दिया है, जल्द ही डीएम इनका प्रमाणपत्र जारी करेंगे।

जैतपुर कलां की सबसे ज्यादा ग्राम पंचायतें

जैतपुर कलां की सबसे ज्यादा चार ग्राम पंचायतें टीबी मुक्त हुईं। अछनेरा, खेरागढ़ और बाह के तीन-तीन और एत्मादपुर, अकोला, शमसाबाद, पिनाहट के दो-दो हैं। फतेहपुर सीकरी, जगनेर, सैंया, खंदौली, बरौली अहीर, फतेहाबाद के एक-एक ग्राम पंचायत हैं।

इन ग्राम पंचायतों को मिला छुटकारा

गोबरा, बडहरी त्रिपुरी, बस्तई, सरसा, बागौर, बिडहौली, विसरामपुर, गौरू, महादेवा, बैलोठ, बिरुनी, शाहबुद्दीनपुर, करनपुर, गढ़ी बरौनी, नहटौली, महुआशाला, मियांपुर, बसैया रामबल, अकवाई, लहरानी, मरनई, बसई भदौरिया, बघरैना, बेगापुर, कवारी, रुदमली, टारनसो।

मेहनत रंग लाई

सीएमओ डॉ. अरुण श्रीवास्तव ने बताया कि लोगों के जज्बे और चिकित्सकीय टीम की मेहनत से 27 ग्राम पंचायतों में एक साल तक निगरानी में टीबी का कोई मरीज नहीं मिला है। ये ग्राम पंचायतें निगरानी में रहेंगी।

काउंसिलिंग से पड़ा असर

जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. सुखेश गुप्ता ने बताया कि घर-घर जाकर मरीज चिह्नित किए। नए मरीज न हों, इसके लिए परिजनों को भी दवा दी। टीबी मुक्त का प्रमाणपत्र डीएम जल्द जारी करेंगे।

ये लक्षण तो तत्काल कराएं जांच 

  • 15 दिन तक खांसी रहना, बलगम आना।
  • लगातार बुखार आना, वजन कम होना।
  • रात को सोते समय पसीना, सीने में दर्द।
  • गले समेत शरीर के किसी अंग में गांठ होना।
  • महिलाओं में बांझपन होना।
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आंकड़े एक नजर में 

  • 27453: मरीज टीबी के हैं पंजीकृत।
  • 13248: मरीज सरकारी अस्पतालों हुए पंजीकृत।
  • 14205: मरीज निजी अस्पतालों से हुए पंजीकृत।
  • 12043: मरीजों का अभी चल रहा है इलाज।
  • टोल फ्री नंबर: 1800116666
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