मैनपुरी। विधानसभा चुनाव में टिकट पाने के लिए बसपा में 22 लोगों ने दावेदारी की है। तीन विधानसभा क्षेत्रों में पार्टी का मंथन पूरा हो चुका है। करहल विधानसभा सीट के लिए दावेदारों के नाम पर पार्टी में मंथन चल रहा है। दो दिन में चारों प्रत्याशियों के नाम घोषित किए जाने की उम्मीद पदाधिकारियों को है।
प्रदेश में हो रहे विधानसभा चुनाव में बसपा ने इस बार बिना गठबंधन किए चुनाव लड़ने का निर्णय लिया है। जिले की चार विधानसभा सीटों पर 22 लोगों ने चुनाव लड़ने के लिए दावेदारी की है।
पार्टी की वरीयता कैडर समर्थित दावेदारों को चुनाव मैदान में उतारने की है। बसपा से चुनाव लड़ने के लिए मैनपुरी विधानसभा सीट से पांच, करहल विधानसभा सीट से छह, किशनी विधानसभा सीट से पांच और भोगांव विधानसभा सीट से छह लोगों ने दावेदारी की है।
बताया जा रहा है कि मैनपुरी, भोगांव और किशनी विधानसभा सीटों के लिए दावेदारों के नामों पर विचार करके प्रत्याशी के नाम को अंतिम रूप दिया जा चुका है। करहल विधानसभा सीट से क्षेत्रीय समीकरणों को देखते हुए दावेदारों के नाम पर विचार करके प्रत्याशी घोषित करने के लिए मंथन चल रहा है।
मैनपुरी, भोगांव और किशनी सीट के लिए प्रत्याशियों के नाम बसपा हाईकमान ने तय कर दिए हैं। करहल विधानसभा सीट पर एक दो दिन में निर्णय ले लिया जाएगा। दो दिन में चारों विधानसभा सीटों के लिए प्रत्याशियों के नाम घोषित कर दिए जाएंगे।
सुनील वर्मा, जिलाध्यक्ष बसपा