एटा। जल्द ही डिपो से संचालित होने वाली बसें जीपीएस (ग्लोबल पोजीशनिंग सिस्टम) से हाईटेक होने जा रही हैं। परिचालक के पास मौजूद ईटीएम सिस्टम से जोड़कर योजना को परवान चढ़ाया जाएगा। जिससे रोडवेज बसों की लोकेशन मिलती रहेगी और बसों को खाली दौड़ाने वाले चालक परिचालक पर कार्रवाई भी हो सकेगी। इस सिस्टम के लगने से यात्रियों को भी लाभ होगा। बस को चालक मनमर्जी से कहीं पर भी नहीं रोक सकेंगे।
रोडवेज बसों में जीपीएस (ग्लोबल पोजीशनिंग सिस्टम) लगने के बाद सभी 168 बसें डिपो व रीजनल दफ्तर से कनेक्ट हो जाएंगी। जिनकी निगरानी लखनऊ मुख्यालय से लेकर डिपो में बैठे अधिकारी किसी भी समय कर सकेंगे। जीपीएस लगाने की घोषणा अभी हाल ही में परिवहन मंत्री स्वतंत्र देव सिंह ने भी की है।
रोडवेज बसों में परिचालक द्वारा दी जाने वाली ईटीएम (इलक्ट्रॉनिक टिकटिंग मशीन) में सिम के माध्यम से जीपीएस जोड़ा जाएगा। मशीन से कितनी टिकट निकली है और बस किस जगह से गुजर रही है ऐसी तमाम जानकारियां डिपो में कनेक्ट कंप्यूटर पर आती रहेंगी।
--
रोडवेज बसों में जीपीएस लगाने की प्रक्रिया शुरू होने जा रही है। जीपीएस लगने से विभाग को लाभ होगा और यात्रियों को भी काफी सहूलियत मिल सकेगी। बसों को डिपो व रीजनल ऑफिस के साथ-साथ लखनऊ मुख्यालय से भी निगरानी हो सकेगी।
- मदन लाल, एआरएम एटा डिपो