फिरोजाबाद/शिकोहाबाद। भाइयों के विवाद में समुदाय विशेष के पड़ोसी युवकों ने विद्याराम की पिटाई कर दी। इसके बाद परिजनों ने हंड्रेड मोबाइल पर सूचना दी। परिजनों का आरोप है कि मौके पर पहुंची पुलिस घायल को घर पर ही पड़ा छोड़ कर चली। इसके बाद फिर युवकों ने उसे पीट-पीट कर हत्या कर दी। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया अगर पुलिस सक्रियता दिखाती तो विद्याराम की जान बच सकती थी लेकिन पुलिस लापरवाही से एक युवक की जान चली गई।
काजीटोला निवासी विद्याराम (35) स्टेशन रोड स्थित एक आरा मशीन पर मजदूरी कर परिवार का भरण पोषण कर रहा था। मंगलवार शाम पांच बजे के करीब बड़े भाई देवीराम से शराब पीने के बाद झगड़ा करने लगा। दोनों भाई शराब के नशे में घर से बाहर दरवाजे पर आकर एक-दूसरे से उलझने लगे। इसी दौरान पड़ोसी समुदाय विशेष के युवकों ने डंडा और लोहे के पाइप से विद्याराम को पीटना शुरू कर दिया। जब मोहल्ले के लोगों ने बचाने का प्रयास किया तो उक्त दबंग लोग मोहल्ले वालों पर भी हमलावर हो गए।
जिसके बाद लोग अपने-अपने घरों में छुप गये। फिर क्या था दबंगों ने युवक को बेरहमी से पीटा और उसके कपड़े भी फाड़ दिये। मरणासन्न हालत में छोड़ कर भाग गए। युवक की मौत की खबर लगते ही आरोपियों का परिवार भी घर से जरूरी और कीमती सामान लेकर भाग गया। घटना के बाद मौके पर पहुंचे भारतीय जनता पार्टी के पदाधिकारियों ने पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए दोपहर में आए हुए पुलिस कर्मियों पर कार्रवाई की मांग की। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने मामले की जांच कर कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
विद्याराम छह भाई बहनों में दूसरे नंबर का था। बड़ा भाई देवीराम, शिवराम के अलावा बहन कमला, सुधा और मीना हैं। गरीब परिवार होने के कारण पूरा परिवार मेहनत मजदूरी कर परिवार का भरण पोषण कर रहा है। विद्याराम पर चार बच्चे हैं। पुत्र शिवम (12), बेटी मुस्कान (10) और पूजा (8) और पीके (3)। पति की हत्या के बाद चार बच्चों के पालन पोषण की जिम्मेदारी अब उसकी पत्नी बेबी के कंधों पर आ गई है। कुछ दिन पूर्व उसकी पत्नी बेबी अपने मायके करहल के गांव विढौली गई दो छोटे बच्चों को साथ लेकर गई। सूचना मिलने पर वह भी अपने परिजनों के साथ रवाना हो गई है।