कासगंज। प्रेस्टीज कंपनी द्वारा किए गए घोटाले की जांच प्रशासन ने शुरू कर दी है। फिलहाल कंपनी की संपत्तियों का बयोरा खंगाला जा रहा है। सहावर तहसील प्रशासन ने कंपनी के संचालकों से जुड़ी संपत्ति के दस्तावेज रजिस्ट्रार कानूनगो कार्यालय से मांगे हैं। डीएम के निर्देश पर मामले की जांच सहावर तहसीलदार ने शुरू की है।
प्रेस्टीज इंफ्रा डेवलपर्स कंपनी के संचालक निवेशकों के करोड़ों रुपये का घोटाला कर फरार हो गए। निवेशक कंपनी के खिलाफ कार्रवाई के लिए डीएम को प्रार्थना पत्र दे चुके हैं। निवेशकों ने कंपनी संचालक पर आरोप लगाया कि निवेश किए गए करोड़ों रुपये की धनराशि का घोटाला कर सहावर में जमीन खरीद ली है। निवेशकों का कहना है कि कंपनी संचालक जमीन बेचकर भागना चाहता है। निवेशकों ने जमीन ब्रिकी पर रोक लगाने की मांग उठाई है। डीएम ने मामले की जांच एसडीएम, सहावर को सौंपी। एसडीएम ने तहसीलदार सहावर से जांच शुरू कराई है। सहावर तहसीलदार ने याकूत गंज में कंपनी संचालकों से जुड़ी संपत्ति के दस्तावेज जुटाने शुरू कर दिए हैं। तहसील प्रशासन जल्द ही ब्योरा खंगालकर संपत्ति की विस्तृत जानकारी करेगा और मामले की जांच आगे बढ़ाएगा।
निवेशक ढूंढ रहे बायलॉज
कासगंज। प्रेस्टीज कंपनी के निवेशक कंपनी का बायलॉज ढूंढ रहे हैं। बायलॉज मिलने के बाद निवेशक कंपनी के खिलाफ मुकदमे के लिए न्यायालय की शरण लेंगे। पूरे दस्तावेज और मजबूत सबूत जुटाकर निवेशक कंपनी के खिलाफ कार्रवाई को कदम बढ़ाएंगे।
आंकड़े की नजर से-
- 195 बीघा जमीन खरीदी है कंपनी संचालकों ने।
- 5 करोड़ रुपये से अधिक की है जमीन की कीमत।
- दस्तावेज खंगाले जा रहे हैं। जानकारी की जा रही है कि कंपनी के संचालक कौन हैं? और याकूतगंज में कितनी संपत्ति संचालकों के नाम है।
- मनोज प्रकाश, तहसीलदार सहावर।