छाता/चौमुंहा (मथुरा)।
तड़ातड़ लाठियां बरस रही थीं और पुलिस मूकदर्शक बनी देख रही थी, जी हां यह नजारा था नरी-सेंमरी स्थित देवी मंदिर परिसर का। रविवार को जादों ठाकुरों ने परंपरागत अनोखी लठ पूजा की। देवी मां की जय, झूला वारे की जय के जयकारों से मंदिर परिसर गुंजायमान हो रहा था। क्षेत्र के चार गांवों के जादों ठाकुर सजधज कर घोड़ियां नचाते, बैंडबाजों पर नाचते, देवी मां के जयकारे लगाते मंदिर पर पहुंचे।
सैकड़ों लोगों के हाथों में लाठियां, बल्लम, फरसे थे। लट्ठ पूजा के दौरान एसडीएम डॉ. राजेंद्र पेंसिया, सीओ चंद्रधर गौड़, मेला प्रभारी छोटेलाल, राजवीर सिंह व कोतवाल प्रमोद पंवार की सीटियां बज उठीं। सबसे पहले गांव नरी के ठाकुर लट्ठ पूजा को पहुंचे। इसके बाद सांखी, अलवाई, रहेड़ा के लोगों ने अपनी देवी की लट्ठों से पूजा की। जैसे ही पूजा के लिए लोगों के आने की सूचना मिली, पुलिस ने सुरक्षा की दृष्टि से दुकानों को बंद करा दिया।
हाईवे से भवन तक रास्ते को साफ करा दिया। लट्ठ पूजा करने आए श्रद्धालुओं ने मंदिर परिसर में पहुंचते ही भवन पर लाठियां भांजना शुुरू कर दिया। मेला में पहली बार आए भक्तजन इस दृश्य को देख सकते में आ गए। हर कोई लट्ठ पूजा देखने को आतुर था। लाठियां बजाने के बाद लोगों ने देवी मां की पूजा-अर्चना की, इसके बाद सब अपने गंतव्य को चले गए।
पुलिस की कमी से रही अव्यवस्थाएं
छाता। नरी-सेंमरी देवी मेला में लट्ठ पूजा के दौरान पुलिस की कमी के कारण अव्यवस्थाएं हावी रहीं। श्रद्धालुओं को परेशानी का सामना करना पड़ा। भीड़ के दबाव में कई लोग परेशान रहे। कुछ लोग बिना दर्शन किए लौट गए। कई लोग भीड़ के चलते चुटैल हो गए।