आखिर क्यों 11 साल के बालक ने उठाया यह कदम
11 साल के नैतिक के साथ आखिर ऐसा क्या हुआ, जो उसे आत्मघाती कदम उठाने पर मजबूर होना पड़ा। इस सवाल का जवाब परिजन नहीं दे सके। आस पड़ोस के लोग और रिश्तेदार तरह-तरह के कयास लगा रहे थे। नैतिक ने घर के कमरे में रस्सी के सहारे छत पर लगे कुंडे में फंदा लगाया। बेटे का शव देखकर पिता संदीप भास्कर और मां सीता देवी बेसुध हो गए।
किसी तरह रिश्तेदारों और आस पड़ोस के लोगों ने उन्हें संभाला। परिजनों ने बताया कि तीन भाई बहन में नैतिक दूसरे नंबर का था। बड़ी बहन 14 वर्षीय निहारिका के अलावा आठ वर्षीय छोटा भाई रौनक है। नैतिक काफी होनहार छात्र व माता पिता का लाड़ला था। उसकी मौत से जहां परिवार के लोग दुखी हैं, वहीं आसपास के लोग भी स्तब्ध हैं।
स्टंट तो नहीं कर रहा था मासूम
नैतिक के आत्महत्या करने की वजह परिजन नहीं बता सके। रिश्तेदार और आसपड़ोस के लोग तरह-तरह के कयास लगा रहे थे। बच्चा हंसता खेलता था अपनी पढ़ाई करता था। चर्चा करते हुए आस पड़ोस के लोगों ने कहा कि कहीं स्टंट तो नहीं कर रहा था बच्चा, जिससे उसकी जान चली गई।
बच्चों से संवाद बनाएं
जिला अस्पताल के बालरोग विशेषज्ञ डॉ. अभिषेक दुबे ने घटना पर दुख जताया है। उन्होंने कहा कि मोबाइल फोन, गेम और टीवी बच्चों पर विपरीत प्रभाव डाल रहे हैं। पढ़ाई को लेकर भी बच्चे तनाव में रह रहे हैं। मां-बाप को अपने बच्चों के साथ संवाद बनाना चाहितए। उनके मन में क्या चल रहा है तथा स्कूल के माहौल आदि की जानकारी लेनी चाहिए। कुल मिलाकर मां-बाप को बच्चों के समय देना चाहिए।