आगरा। यूपी बोर्ड परीक्षा 2016-17 में अनर्ह व्यक्तिगत परीक्षार्थियों के आवेदन पत्र अग्रसारित करने के दोषी जिले के नौ प्रधानाचार्यों के निलंबन और उनके खिलाफ एफआईआर का आदेश बुधवार को जारी कर दिया गया। जिला विद्यालय निरीक्षक (डीआईओएस) ने संबंधित विद्यालय प्रबंधकाें को तीन दिन के अंदर कार्रवाई कर रिपोर्ट भेजने के निर्देश दिए हैं।
शासन स्तर से प्रधानाचार्यों के खिलाफ केवल निलंबित का करने का आदेश जारी किया गया था। इस बीच अखिल भारतीय ब्राह्मण महासभा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष विनोद गौतम की ओर से मामला मुख्यमंत्री के संज्ञान में लाया गया। जिन छात्रों का परिणाम रोका गया है, उनको राहत देने की मांग की गई।
इसके बाद विशेष सचिव, उत्तर प्रदेश शासन संध्या तिवारी की ओर से दूसरा आदेश माध्यमिक शिक्षा निदेशक के लिए जारी किया। इसमें प्रधानाचार्यों के खिलाफ निलंबन की कार्रवाई के साथ तत्काल एफआईआर दर्ज कराने के लिए भी कहा गया। प्रभावित छात्रों को उनके परीक्षाफल से अवगत कराने के निर्देश दिए गए।
मुख्यमंत्री के संज्ञान में मामला होने से जिले स्तर पर भी कार्रवाई में तेजी की जा रही है। डीआईओएस डा. विनोद कुमार राय के मुताबिक शंकरलाल रामराज्य इंटर कालेज लादूखेड़ा में प्रबंधन नहीं है। यहां के प्रधानाचार्य के खिलाफ जीआईसी के प्रधानाचार्य अरुण कुमार सिंह को एफआईआर दर्ज कराने और निलंबन की कार्रवाई के लिए कहा गया है।
वहीं राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, रिछोहा के प्रधानाचार्य के निलंबन के लिए अपर निदेशक, माध्यमिक शिक्षा से संस्तुति की गई है। एफआईआर जीआईसी प्रधानाचार्य ही कराएंगे। इनके पास सह जिला विद्यालय निरीक्षक का प्रभार है।
इनके खिलाफ होनी है कार्रवाई
प्रधानाचार्य अग्रसारण केंद्र
कुंज बिहारी राना किसान उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, बमरौली कटारा
चंद्रप्रकाश दुबे एमएम शैरी उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, शहजादी मंडी
किशन सिंह नानिगराम उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, दुल्हारा
किशनवीर सिंह रोहता इंटर कालेज, रोहता
डा. प्रेमपाल शास्त्री डीएवी इंटर कालेज, मोतीकटरा
सैयद मजहर अब्बास रिजवी एसएमएओ इंटर कालेज
रामप्रताप सिंह रफी अहमद किदवई इंटर कालेज, कागारौल
प्रभात कुमार श्री शंकरलाल रामराज्य इंटर कालेज, लादूखेड़ा
अर्जुन कुमार राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, रिछोहा