टेबल टेनिस खिलाड़ी मनिका बत्रा की मांग ने टोक्यो में मौजूद भारतीय दल के अधिकारियों के लिए असहज स्थिति खड़ी कर दी है। मनिका ने अपने निजी कोच सन्यम परांजपे को मैच के दौरान साथ ले जाने के लिए उनके मान्यता कार्ड को बदलने के लिए कहा है।
सन्मय इस वक्त खेल गांव के बाहर होटल में रुके हैं। उनके पास पी कैटेगरी का कार्ड है जिससे वह मैच के दौरान मनिका के साथ नहीं जा सकते हैं। मनिका की मांग के बाद आईओए सन्मय का मान्यता कार्ड बदलवाने की कोशिश में लग गया है। उसने आयोजन समिति से टीएपी कैटेगरी का कार्ड सन्मय को जारी करने के लिए कहा है।
आईओए ने की आयोजन समिति से बात
टोक्यो में मौजूद भारतीय दल के एक अधिकारी ने अमर उजाला से खुलासा किया कि मनिका ने सन्मय को मैच में साथ ले जाने की मांग रखी है, लेकिन वह इसमें कुछ नहीं कर सकते हैं। आईओए इसके लिए आयोजन समिति से बात कर सकता है।
मनिका ने यह मांग यह कहकर की है कि सन्यम के मैच में साथ नहीं बैठने पर उनकी पदक की संभावनाएं प्रभावित होंगी। हालांकि मनिका के एकल में पदक के अवसर नहीं है, लेकिन मिश्रित युगल में शरत कमल के साथ वह भी पदक की होड़ में हैं।
मनिका की कोशिशों के बाद टोक्यो गए सन्मय
सूत्रों के मुताबिक मनिका के साथ सन्यम ट्रेनिंग हॉल गए। वहां से वह खेल गांव आने वाली बस में आ गए। उनके खेल गांव आने वाली बस में बैठने पर भी आपत्ति जताई गई। यह भी सच्चाई है कि टेबल टेनिस फेडरेशन ने सन्मय का नाम टोक्यो जाने वालों की सूची में नहीं दिया था, लेकिन मनिका की मांग के बाद उन्हें पी कैटेगरी का कार्ड जारी कर टोक्यो भेजा गया।