हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला के कच्चीघाटी इलाके में भूस्खलन और भवन ढहने से असुरक्षित हुए चार बहुमंजिला भवनों को तोड़ने के आदेश जारी हो गए हैं। तकनीकी कमेटी और भू विज्ञानी की रिपोर्ट पर नगर निगम आयुक्त आशीष कोहली ने सोमवार शाम इस बारे में आदेश जारी किए। आदेशों के अनुसार यह सभी भवन रहने के लिए असुरक्षित तो हैं ही साथ ही दूसरे भवनों के लिए भी खतरा बन सकते हैं। आदेश के अनुसार चारों भवनों का बिजली और पानी काटा जा रहा है। भवन मालिकों को तीन दिन के भीतर अपने भवन तोड़ने होंगे। यदि ऐसा न किया तो नगर निगम खुद इन भवनों पर हथौड़ा चला देगा। निगम प्रशासन के अनुसार हाइवे के साथ लगते दो भवनों पूजा कॉटेज और होटल हरि पैलेस को तुरंत तोड़ने के आदेश जारी किए हैं।
यह भवन निचली ओर बने बाकी भवनों पर खतरा बने हुए हैं। इसके अलावा नाले के पास बने नारायण भवन और चौहान कॉटेज को भी तोड़ने के आदेश जारी किए हैं। नारायण भवन पहले ही ढह चुका है। यह साथ लगते चौहान कॉटेज पर टिका हुआ है। सोमवार को भू विज्ञानी के साथ निगम की तकनीकी टीम ने मौके का निरीक्षण किया। सभी असुरक्षित भवनों को भी देखा गया। इसके बाद शाम को नगर निगम आयुक्त को अपनी रिपोर्ट दे दी। इसके बाद आयुक्त ने भवन तोड़ने के आदेश जारी कर दिए।
एक भवन सील करने के आदेश
हाईवे के पास बने हरि पैलेस के साथ लगते एक अन्य बहुमंजिला भवन को सील किया जा रहा है। निगम प्रशासन के अनुसार इस भवन को भी खतरा है। इसलिए इसे खाली करना होगा। अभी इसे तोड़ने को लेकर आदेश नहीं हुए हैं। साथ लगते दो भवनों को तोड़ने के बाद देखा जाएगा कि इसे बचाया जा सकता है या नहीं।
यह भवन टूटेंगे
पूजा कॉटेज-पांच मंजिला
हरि पैलेस होटल- पांच मंजिला
चौहान कॉटेज- चार मंजिला
नारायण भवन- तीन मंजिला
बाकी भवनों को है खतरा : आयुक्त
कच्चीघाटी में चारों असुरक्षित भवनों को तोड़ने के आदेश जारी कर दिए हैं। एनएच के समीप बने पूजा कॉटेज और हरि पैलेस को तुरंत तोड़ने को कहा है। इनसे बाकी भवनों को भी खतरा है। नाले के पास बने बाकी दो भवन भी तोड़े जाएंगे।
-आशीष कोहली, नगर निगम आयुक्त
कब क्या हुआ
-30 सितंबर की शाम साढ़े पांच बजे 7 मंजिला भवन ढहा
-भवन ढहने से निचली ओर दो और मकान ढहे
-1 अक्तूबर, नगर निगम ने चार और भवन करवाए खाली
-2 अक्तूबर, सरकार की ओर से गठित तीन सदस्यीय जांच कमेटी ने किया निरीक्षण
-3 अक्तूबर, नगर निगम ने तकनीकी कमेटी और भू विज्ञानी से जांच करवाने का लिया फैसला
-4 अक्तूबर, सचिवालय में शहरी विकास विभाग सचिव ने ली बैठक, शाम को आयुक्त ने जारी किए तोड़ने के आदेश