हिमाचल प्रदेश के कुल्लू जिले की निरमंड की कुर्पण और समेज खड्ड में आई बाढ़ के बाद लापता हुए लोगों की तलाश के लिए चलाए जा रहे सर्च ऑपरेशन के दौरान सोमवार को सतलुज नदी में दो और शव मिले। इनमें एक लड़की और एक पुरुष है। लड़की की उम्र 17 से 17 साल के बीच बताई जा रही है। हालांकि, दोनों शवों की अभी शिनाख्त नहीं हो पाई है। लड़की का शव सामान्य स्थित में हैं जबकि पुरुष का शव खराब हो चुका है।
जानकारी के मुताबिक सोमवार सुबह के समय दोघरी गांव के समीप दो शव नदी में देखे गए तो एनडीआरएफ, होमगार्ड और पुलिस की टीमों ने शवों को निकालने के लिए अभियान शुरू किया। सतलुज से निकालने के बाद शव पोस्टमार्टम के लिए सुन्नी अस्पताल पहुंचाए गए। इसके बाद शव आईजीएमसी शिमला भेजे गए। जब तक पहचान नहीं हो पाती है, तब तक शव यहीं रखे जाएंगे। शव किसके हैं, इसके पता डीएनए जांच के बाद चलेगा। पुलिस ने जांच के लिए सैंपल लेकर स्टेट फॉरेंसिक लैब जुन्गा भेज दिए हैं।
सतलुज से दो और शव बरामद होने के साथ ही अब तक मिले शवों की संख्या पांच हो चुकी है। इनमें से एक भी शव की पहचान नहीं हुई है। शवों की पहचान के लिए अब पुलिस डीएनए जांच करवा चुकी है। रामपुर के समेज से 36 और बागीपुल से सात लोग लापता हुए थे। सतलुज से बरामद पांच शव किसके हैं, इसके बारे में डीएनए जांच रिपोर्ट के बाद पता चलेगा।
रामपुर में स्वास्थ्य विभाग की टीम समेज खड्ड में बाढ़ के बाद लापता 36 लोगों के रिश्तेदारों के सैंपल डीएनए जांच के लिए एकत्रित कर रही है। उपायुक्त अनुपम कश्यप ने बताया कि पुलिस ने अब तक लापता हुए लोगों के 37 रिश्तेदारों के सैंपल डीएनए जांच के लिए एकत्र किए हैं। सैंपलों की जांच स्टेट फॉरेंसिक लैब जुन्गा में की जा रही है। लैब में जांच के बाद पता चलेगा कि अब तक बरामद शव किसके हैं।
आठ एलएनटी मशीनें तैनात
डीसी ने बताया कि समेज में सर्च ऑपरेशन में आठ एलएनटी मशीनें तैनात की गई हैं। सर्च ऑपरेशन के पांचवें दिन सुबह छह बजे से मशीनें मलबे को खंगालने में लगी रहीं। इसके अलावा स्निफर डाॅग, लाइव डिटेक्टर डिवाइस, स्थानीय लोगों की मदद से लापता लोगों की तलाश की जा रही है।
राजबन में सर्च अभियान जारी ,अभी भी दो लोग हैं लापता
राजबन में लापता लोगों को ढूंढने के लिए सर्च अभियान पांचवें दिन भी जारी रहा। उपायुक्त मंडी अपूर्व देवगन सोमवार को राजबन पहुंचे और सर्च अभियान को लीड किया। यहां अभी भी दो लोग लापता हैं। लापता हुए 10 लोगों में से 8 के शव बरामद किए जा चुके हैं। एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, पुलिस और होमगार्ड की टीमोें के 100 से अधिक जवान दिन-रात लापता लोगों को ढूंढने में लगे हैं। लापता लोगों को हादसे वाले स्थल से लेकर साथ बहती खड्ड में भी ढूंढा जा रहा है।