ट्रैफिक मजिस्ट्रेट आर मेहुल शर्मा ने निरीक्षण के बाद पुलिस अधिकारियों को दिए निर्देश
बैरिकेडिंग ठीक न होने से मालरोड पहुंच रहे हैं वाहन
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। राजधानी शिमला के बंधित और प्रतिबंधित मार्गों पर सही तरीके से बैरिकेडिंग और
सूचना निर्देश न होने से सैलानियों की गाड़ियां मालरोड और रिज मैदान पर पहुंच रही हैं। गूगल मैप पर रास्ता तलाशते हुए सैलानी शहर के कोर एरिया तक चले जा रहे हैं जहां नियमों के तहत आना दंडनीय अपराध है। द शिमला रोड यूजर एंड पेडेस्ट्रियन (पब्लिक सेफ्टी एंड कंवीनियंस) एक्ट की धारा 11 के तहत शिमला के बंधित और प्रतिबंधित मार्गों के सभी एंट्री और एग्जिट प्वाइंट पर बैरिकेड और साइनेज लगाना अनिवार्य है। लेकिन सही व्यवस्था न होने से शिमला में नियमों का उल्लंघन हो रहा है।
ट्रैफिक मजिस्ट्रेट आर मेहुल शर्मा की टीम ने बुधवार को शहर की सभी बंधित और प्रतिबंधित सड़कों का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान संबंधित क्षेत्र के पुलिस अधिकारियों को मौके पर बुलाकर व्यवस्था सुधारने के निर्देश दिए। एजी चौक से विधानसभा सड़क पर एक ही जगह आड़े तिरछे पड़े पांच बैरिकेड देख ट्रैफिक मजिस्ट्रेट ने पुलिस अधिकारी को तुरंत नियमानुसार बैरिकेड लगाने के निर्देश दिए। सीटीओ चौक पर मालरोड की ओर लगाए गलत बैरिकेड को भी ट्रैफिक मजिस्ट्रेट ने मौके ही पुलिस कर्मियों से ठीक करवाया। ट्रैफिक मजिस्ट्रेट ने छोटा शिमला, शिमला क्लब, लक्कड़ बाजार, आईजीएमसी, जोधा निवास, रिट्स चौक, रिगल सिनेमा, कैनेडी हाउस, यूएस क्लब, शैलेट डे चौक, ऑकलैंड हाउस स्कूल, होटल व्हाइट, डीसी कार्यालय, संजौली चौक, रामचंद्रा चौक और स्टेट बैंक ऑफ इंडिया चौक का निरीक्षण कर व्यवस्थाएं सुधारने के निर्देश दिए।
अभी मजिस्ट्रेट खड़े हैं,
मैडम को भेजते हैं टैक्सी
एजी आफिस चौक पर ट्रैफिक मजिस्ट्रेट के पहुंचने से पहले यहां तैनात पुलिस कर्मी को वायरलेस सेट पर मेसेज आ गया। एकाएक हरकत में आते हुए पुलिस कर्मी ने चौक पर बेतरतीब खड़ी गाड़ियों को हटाना शुरू कर दिया। मजिस्ट्रेट के पहुंचने के बाद चौक पर पहुंची मारुति कार को पुलिस कर्मी ने रोक दिया और धीरे से चालक को कहा अभी मजिस्ट्रेट खड़े हैं, वापस लौट जाइए, मैडम के लिए टैक्सी में भेजते हैं।