सबसे पहले केसर सिंह के ढाई मंजिला 10 कमरों के मकान में आग लगी। देखते ही देखते टिक्कम दासी, प्यारे सिंह, बोधराज और हरदेव सिंह के काष्ठकुणी शैली के घर भी आग की लपटों की चपेट में आ गए। इनके भी छह और पांच कमरों के घर स्वाहा हो गए हैं।
हिमाचल प्रदेश के कुल्लू जिले की पार्वती घाटी की ग्राम पंचायत बरशैणी के कालगा गांव में भीषण आग लगने से 21 कमरों के तीन घर जलकर राख हो गए हैं। इस घटना से करीब दो दर्जन लोगों के सिर से छत छिन गई है। आग लगने के कारणों का अभी पता नहीं चला है। यह घटना सोमवार देर रात डेढ़ बजे की है। सड़क के अभाव में दमकल वाहन भी मौके पर नहीं पहुंच पाए।
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छोटे पंप से आग बुझाने में करीब 9.30 घंटे लग गए। इस घटना में 1.70 करोड़ रुपये के नुकसान की आशंका है जबकि तीन करोड़ रुपये की संपत्ति को बचा लिया गया है। घटना के वक्त गांव में बिजली गुल थी। ऐसे में रात के अंधेरे में लोगों में अफरातफरी मच गई। सबसे पहले केसर सिंह के ढाई मंजिला 10 कमरों के मकान में आग लगी। देखते ही देखते टिक्कम दासी, प्यारे सिंह, बोधराज और हरदेव सिंह के काष्ठकुणी शैली के घर भी आग की लपटों की चपेट में आ गए।
इनके भी छह और पांच कमरों के घर स्वाहा हो गए हैं। उधर, सूचना के बाद कुल्लू से अग्निशमन विभाग की एक टीम मौके के लिए रवाना हुई, लेकिन सड़क के अभाव के कारण घटनास्थल तक नहीं पहुंच पाई। बाद में कर्मचारियों को छोटा पंप लेकर मौके पर पहुंचना पड़ा। अग्निशमन विभाग कुल्लू के अधिकारी दुर्गा सिंह व सरनपत बिष्ट ने बताया कि आग से 1.70 करोड़ रुपये के नुकसान की आशंका है। उपायुक्त आशुतोष गर्ग ने कहा कि पीड़ित परिवारों की हरसंभव मदद की जा रही है।