जानकारी के अनुसार मंगलवार सुबह करीब दस बजे लगवैली के शिल्लाग्रां में एक मकान में लग गई। आग ने देखते ही देखते साथ लगते दो अन्य मकानों को चपेट में ले लिया।
लकड़ी के बने मकानों में लगी आग से पूरे गांव में अफरातफरा मच गई और आग पर काबू पाने के लिए ग्रामीणों ने भरसक प्रयास किया लेकिन सफलता हाथ नहीं लगी। हालांकि इसकी सूचना अग्रिशमन विभाग कुल्लू को भी दी गई।
फायर ब्रिगेड की टीम करीब ढाई घंटे बाद पहुंची, तब तक तीन मकान पूरी तरह जल चुके थे। अग्रिशमन अधिकारी कुल्लू दुर्गा दास ने कहा कि टीम सड़क से करीब डेढ़ घंटे तक पैदल चल कर मौके पर पहुंची।
उन्होंने कहा कि आग से डोला राम, जय सिंह, लाल चंद, टिकम राम तथा राम चंद के ढाई मंजिला मकान के अलावा निरत राम व शेर सिंह के भी मकान पूरी तरह से आग की भेंट गए।
जबकि जय सिंह, बुध राम, बोध राम तथा शेर सिंह के घरों को आंशिक नुकसान पहुंचा। इन मकानों में लगी आग को ग्रामीणों ने बुझाया। उन्होंने कहा कि आग में चार गाय, दो बैल, एक बकरी, दो भेड़ तथा एक खच्चर जिंदा जल गए।
उधर, तहसीलदार कुल्लू वेद प्रकाश शर्मा ने कहा कि वह मौके पर गए थे और प्रभावित परिवार के लोगों को प्रशासन की तरफ से फौरी राहत के तौर पर 10-10 हजार रुपये, टैंट, कंबल व राशन आदि दिया गया है।
मंडी संसदीय क्षेत्र के युवा कांग्रेस अध्यक्ष आदित्य विक्रम सिंह दियार पंचायत के भोसा में अग्निकांड प्रभावितों से मिलने पहुंचे। उन्होंने प्रभावितों को हर संभव मदद देने का आश्वासन दिया। इस दौरान उन्होंने डीएफओ कुल्लू से बात कर प्रभावितों को जल्द टीडी मुहैया करवाने का आग्रह किया।
उन्होंने एसडीएम सदर से बातचीत कर नियमावली के अनुसार जल्द राहत राशि प्रदान करने का आग्रह किया। बताया कि घटना में करीब तीस लाख रुपये नुकसान हुआ है और दो परिवार बेघर हो गए हैं।