हिमाचल में अलग-अलग जगह हुए हादसों में तीन लोगों की मौत हो गई जबकि दो लोग घायल हुए हैं। कंदरोड़ी के पास पठानकोट जालंधर रेलवे मार्ग पर ट्रेन की चपेट में आने से एक प्रवासी मजदूर की मौत हो गई। मृतक की अभी तक शिनाख्त नहीं हो पाई है। जानकारी के अनुसार पठानकोट जालंधर रेलवे मार्ग पर कंदरोड़ी गांव के पास एक प्रवासी मजदूर ट्रेन के नीचे आ गया और उसका सिर धड़ से अलग हो गया। जब लोगों ने रेलवे ट्रैक पर युवक का शव देखा तो इसकी सूचना तुरंत गांव के प्रधान को दी।
गांव के प्रधान गोविंद सिंह ने इसकी सूचना पुलिस को दी। चक्की बैंक रेलवे पुलिस ने मौके पर पहुंच कर शव को कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम के लिए पठानकोट सरकारी अस्पताल भेज दिया। बताया जा रहा है कि यह मजदूर कंदरोड़ी में ही किसी उद्योग में कार्यरत है। अभी तक उसकी शिनाख्त नहीं हो पाई है।
कार खाई में गिरी, एक की मौत, दो घायल
नेरवा (रोहडू) की रूसलाह पंचायत के शैइला में एक कार के खाई में गिरने से एक व्यक्ति की मौत हुई है, जबकि दो लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। दोनों को आईजीएमसी शिमला रेफर किया गया है। जानकारी के अनुसार स्विफ्ट गाड़ी नेरवा से शैईला की ओर जा रही थी। गाड़ी में चालक सहित कुल तीन लोग सवार थे। इसी बीच शैइला के समीप अचानक गाड़ी गहरी खाई में लुढ़क गई। स्थानीय लोगों ने हादसे की सूचना पुलिस को दी।
स्थानीय लोगों के सहयोग से घायलों को खाई से निकाला गया। घायल व्यक्तियों को प्राथमिक उपचार के लिए नेरवा अस्पताल लाया गया। जहां से तीनों को गंभीर अवस्था में आईजीएमसी शिमला रेफर किया गया। इस दौरान मधाना निवासी काना सिंह (34) की शिमला ले जाते समय रास्ते में मौत हो गई है।
जबकि शेईला निवासी नाथू राम (45), विनोद(32) आईजीएमसी में उपचाराधीन हैं। पुलिस ने पोस्टमार्टम के बाद काना सिंह का शव परिजनों को सौंप दिया है। नायब तहसीलदार नेरवा मोहीराम चौहान ने बताया कि मृतक के परिजनों को फौरी राहत के तौर पर 10 हजार की राशि दे दी गई है।
सर्पदंश से बच्ची की मौत
सलौणी (हमीरपुर) की ग्राम पंचायत करेर में आठ वर्षीय बच्ची की सर्पदंश से मौत हो गई है। बच्ची को सर्पदंश के बाद गलोड़ अस्पताल ले जाया गया, लेकिन चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। जानकारी अनुसार करेर गांव में बिजली गुल थी। अंधेरे में अंशिका शर्मा (8) पुत्री राजकुमार शर्मा घर के आंगन में थी।
इसी दौरान जहरीले सांप ने उसे डस लिया। अंशिका के चिल्लाने पर परिजन आंगन में पहुंचे। परिजन उसे गलोड़ अस्पताल ले गए। चिकित्सकों ने बच्ची को मृत घोषित कर दिया। बताया जा रहा है कि डेढ़ साल पहले राजकुमार के तीन वर्षीय बेटे की छत से गिरकर मौत हो चुकी है।
राजकुमार एक गरीब परिवार से संबंध रखता है और दिहाड़ी मजदूरी कर परिवार चला रहा है। ग्राम पंचायत प्रधान करेर सुखराम शर्मा ने कहा कि बच्ची की मौत सर्पदंश से हुई है। एसपी अजय बौद्ध का कहना है कि पुलिस ने बच्ची के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिया है।