जनजातीय जिला लाहौल स्पीति को शेष हिमाचल से जोड़ने वाले रोहतांग दर्रे तक पर्यटकों के जाने पर फिलहाल रोक है। बड़ी गाड़ियों के लिए दर्रे को हालांकि 4 मई को खोल दिया गया था, लेकिन यह मार्ग अभी भी सुरक्षित नहीं है।
18 मई को रोहतांग मार्ग का निरीक्षण होगा। इसके बाद निर्णय लिया जाएगा कि कब तक रोहतांग पर्यटकों के लिए खोला जाएगा। देश-विदेश से पर्यटक तपते मैदानों की गर्मी से बचने और बर्फ में अठखेलियां करने के लिए मनाली से रोहतांग आते हैं।
13050 फीट की ऊंचाई वाले इस दर्रे पर मई और जून में भी बर्फ का आनंद उठाया जा सकता है। लेकिन पर्यटन नगरी मनाली आने वाले सैलानी अभी तक रोहतांग नहीं जा पा रहे हैं।
राेहतांग में अभ्ाी भ्ाी 20 फीट बर्फ
मार्च माह में भारी बर्फबारी होने के कारण रोहतांग को अभी तक पर्यटकों के लिए नहीं खोला गया है। रोहतांग में अभी तक 20 फीट से ज्यादा बर्फ है और मार्ग भी अभी तक पूरी तरह से नहीं खुला है। इस कारण पर्यटक गुलाबा में ही बर्फ का आनंद ले रहे हैं।
रोहतांग को लेकर नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल में भी एक केस की सुनवाई चल रही है। ट्रिब्यूनल 29 और 30 मई को शिमला में बेंच लगाएगा। कुल्लू जिला प्रशासन ने बशिष्ठ में लगने वाले बैरियर को कोठी शिफ्ट करने के लिए भी ग्रीन ट्रिब्यूनल में एफिडेविट दिया है। इस पर 29 मई को सुनवाई होगी।