दवा कंपनियों के पैसे पर ऐश करने वाले सहायक दवा नियंत्रक (एडीसी) निशांत सरीन के भ्रष्टाचार की विजिलेंस जांच में बड़ा खुलासा हुआ है। अब तक की जांच में सरीन की एक निजी दवा कंपनी में पार्टनरशिप की बात सामने आई है। जांच में पता चला है कि जिस कंपनी के पैसे पर खरीदी गई बाइक व अन्य महंगे उपकरण सरीन के ठिकानों से मिले थे, उसे काम दिलाने के लिए सरीन अपने पद की ताकत दिखाकर दवा कंपनियों पर दबाव बनाता था।
खास बात यह है कि इसी कंपनी की एक महिला अधिकारी के साथ सरीन देशभर में घूमने जाता था। कंपनी के एक निदेशक के नाम जारी डेबिट कार्ड को भी सरीन की ओर से इस्तेमाल किए जाने की बात सामने आई है। पता चला है कि सरीन हर महीने उस डेबिट कार्ड की मदद से लाखों रुपये खर्च करता था। यही नहीं, उसने इसी कार्ड से देश के अन्य हिस्सों में भी घूमने के दौरान पेमेंट किया है।
जाहिर है कि जब सरीन कंपनी को इतनी मदद पहुंचा रहा था और उसकी परिसंपत्तियों का इस्तेमाल कर रहा था उसमें सरीन का निजी लाभ था। अब इस जानकारी के सामने आने के बाद सरीन के लिए मुश्किलें बढ़ना तय है। बता दें, दवा कंपनियों की शिकायत पर विजिलेंस ने सरीन के खिलाफ भ्रष्टाचार का मामला दर्ज किया था। आरोप था कि वह कंपनियों के पैसे पर महंगे होटलों में रहने के अलावा हवाई टिकट और महंगे तोहफे लेता था।