पूर्व मंत्री सुधीर शर्मा (फाइल फोटो)
पूर्व मंत्री सुधीर शर्मा के समर्थकों ने अपरोक्ष रूप से बड़े नेताओं के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। सुधीर समर्थकों ने शनिवार को धर्मशाला में प्रेस वार्ता कर उपचुनाव करवाने आए बड़े नेताओं की कार्यप्रणाली की जांच कर उन पर कार्रवाई करने की मांग की।
धर्मशाला ब्लॉक अध्यक्ष पद से हटाए गए राजेश कपूर और उनकी टीम ने आरोप लगाया कि अगर हाईकमान ने ब्लॉक कमेटी पर कार्रवाई की है तो धर्मशाला में उपचुनाव करवाने आए नेताओं पर भी जांच बैठाकर उनके खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए।
पदों से हटाए गए शुभम सूद व अक्षित मैणी सहित अन्य कार्यकर्ताओं ने उपचुनाव में कांग्रेस की ओर से प्रत्याशी बनाए गए विजय इंद्र कर्ण पर ही सवालिया निशान उठा दिए। उन्होंने कहा कि हाईकमान ने एक बार भी ब्लॉक कांग्रेस के सदस्यों को विश्वास में नहीं लिया।
हाईकमान ने ब्लॉक कांग्रेस को तो पदमुक्त कर दिया, लेकिन उन लोगों के पर भी कार्रवाई की जाए, जिन्होंने उपचुनाव के दौरान धर्मशाला में पिकनिक मनाई और कार्य करने के नाम पर कुछ नहीं किया।
कई मतदान केंद्रों में कांग्रेस पार्टी का बूथ तक नहीं लगा था, क्योंकि उनके पास बूथ अध्यक्ष तक का ही नंबर नहीं था। अगर पूर्व मंत्री सुधीर शर्मा भाजपा में जाने का मन बनाते हैं तो यह उनका अपना निर्णय होगा। इसमें कांग्रेस का कोई भी सदस्य उनका साथ नहीं देगा।
राकेश बतौर सदस्य स्वीकार, पर टिकटार्थी के रूप में होगा विरोध
राजेश कपूर ने कहा कि अगर आजाद प्रत्याशी रहे राकेश चौधरी कांग्रेस की सदस्यता लेते हैं तो उनका पार्टी में स्वागत किया जाएगा। अगर वह टिकटार्थी बनकर कांग्रेस का दामन थामते हैं तो पूर्व ब्लॉक कांग्रेस उनका पूरी तरह से विरोध करेगी।