हिमाचल के सोलन जिला में स्थित अंबुजा सीमेंट कंपनी पर प्रदेश सरकार ने शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। मामला रौड़ी प्लांट में क्षमता से अधिक उत्पादन का है, जिसको लेकर सरकार ने आखिरकार जांच के आदेश जारी कर दिए हैं।
निदेशक उद्योग विभाग ने इसकी जांच के लिए महाप्रबंधक जिला उद्योग विभाग सोलन और प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को लिखा है। पंद्रह दिन के भीतर जांच कर रिपोर्ट देने को कहा है।
संबंधित विभागों को निर्देश मिलने के बाद जांच शुरू की जा रही है। निदेशक उद्योग विभाग से जारी निर्देशों में कहा गया है कि उद्योग मंत्री को पहुंची शिकायत के आधार पर इस मामले में जांच शुरू की जाए।
3 हजार मीट्रिक टन अवैध उत्पादन
रौड़ी गांव के लोगों का दावा है कि वर्ष 2009 में स्थापित सीमेंट प्लांट में सरकार ने 7000 मीट्रिक टन क्लींकर के रोजाना उत्पादन की स्वीकृति दी है।
मगर आदेशों को दरकिनार कर कंपनी पिछले लंबे समय से क्षमता से अधिक उत्पादन कर रही है। ग्रामीणों का आरोप है कि कंपनी में रोजाना 10000 मीट्रिक टन उत्पादन हो रहा है जो कि सरकार से मिली मंजूरी से तीन हजार मीट्रिक टनल ज्यादा है।
कंपनी ने की मनमानी, नहीं ली अनुमति
कंपनी ने बिना सरकार की अनुमति से प्लांट के अंदर कोल पिट (कोयला पीसने वाला संयंत्र) स्थापित किया है। यह गैरकानूनी है।
इस संयंत्र से रौड़ी, खाता, बागा, सुल्ली, बटेड़, कून पछीवर, धाऊनी सहित सरडमरास और आसपास के गांवों में प्रदूषण फैल रहा है।