बालूगंज में खाद्य सुरक्षा विभाग की कार्रवाई के बाद दुकानदारों ने सुधारी व्यवस्था
पेस्ट कंट्रोल के साथ मिठाइयों को ढकने के लिए खरीदे नए बर्तन
निरीक्षण में मिली खामियों के बाद दोनों दुकानदारों को जारी हुआ था नोटिस
व्यवस्था में सुधार होने तक काम पर लगाई गई थी रोक
संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। रसोई में अब वर्करों के कपड़े इधर-उधर नहीं लटकेंगे और गुलाब जामुन समेत अन्य मिठाइयां खुले में नहीं रखी जाएंगी। शहर के साथ लगते बालूगंज क्षेत्र में खाद्य सुरक्षा विभाग की कार्रवाई के बाद दोनों मिठाई दुकानदारों ने अपनी व्यवस्थाओं में सुधार कर लिया है। दुकानों में पेस्ट कंट्रोल करवाने के साथ खाद्य पदार्थों को ढककर रखने के लिए नए बर्तन भी खरीदे गए हैं। निरीक्षण के दौरान सामने आई खामियों को दूर करते हुए रसोईघरों में साफ-सफाई और हाइजीन व्यवस्था को दुरुस्त किया गया है।
त्योहारी सीजन के बीच खाद्य सुरक्षा एवं विनियमन विभाग की सहायक आयुक्त डॉ. विजया और खाद्य सुरक्षा अधिकारी डॉ. सुनील शर्मा की अगुवाई में बालूगंज क्षेत्र में मिठाई की दुकानों का निरीक्षण किया गया था। इस दौरान बालूगंज में मिठाई प्रतिष्ठानों की दुकानों में खुले में रखे गुलाब जामुन में कॉकरोच पाए गए थे। वहीं खाद्य पदार्थों के निर्माण और भंडारण से जुड़ी अन्य व्यवस्थाओं में भी कमियां सामने आई थी। इसके बाद विभाग ने दोनों दुकानदारों को नोटिस जारी किए थे और व्यवस्था में सुधार होने तक काम करने पर रोक लगाई थी। ऐसे में अब विभाग की कार्रवाई के बाद दोनों संचालकों ने अपनी-अपनी दुकानों में जरूरी बदलाव किए है, जिसमें कि रसोईघरों में साफ-सफाई के साथ हाइजीन संबंधी व्यवस्थाएं दुरुस्त की गई हैं। खाद्य पदार्थों के निर्माण, भंडारण और बिक्री के दौरान स्वच्छता बनाए रखने के लिए कार्यस्थल की व्यवस्था में भी जरूरी बदलाव किए गए हैं। दोनों दुकानों में पेस्ट कंट्रोल करवाया गया है। इसके अलावा गुलाब जामुन समेत अन्य खाद्य पदार्थों को खुले में रखने के बजाय सुरक्षित तरीके से ढककर रखने की व्यवस्था की है। खाद्य सुरक्षा एवं विनियमन विभाग की सहायक आयुक्त डॉ. विजया ने बताया कि दोनों संचालकों ने अपनी व्यवस्था में सुधार किया है। विभाग की ओर से स्पष्ट किया गया है कि खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और स्वच्छता से किसी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा। इस तरह की कार्रवाई आगे भी लगातार जारी रहेगी। बता दें कि शिमला शहर में यह विभाग की अब तक की प्रमुख कार्रवाई में शामिल है, जिसमें दुकानों को बंद करवाने तक की कार्रवाई की गई थी।