रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया ने केसीसी बैंक मुख्यालय धर्मशाला पर एक लाख रुपये का मौद्रिक दंड लगाया है। आरबीआई ने एक लाख रुपये की यह पेनल्टी केसीसी बैंक पर बैंककारी विनियमन अधिनियम 1949 (सहकारी समितियों पर यथालागू) की धारा 20 (बी) (1) के उल्लंघन करने पर लगाई है।
मामला केसीसी बैंक के पूर्व निदेशक को असुरक्षित ऋण देने से संबंधित है। आरबीआई की ओर से केसीसी बैंक को कारण बताओ नोटिस दिया गया था। इसके बाद बैंक ने लिखित जवाब दिया। बाद में मामले के तथ्यों और बैंक के उत्तर पर विचार करने के बाद आरबीआई ने मामले में उल्लंघन पाया और पेनल्टी लगाई।
केसीसी बैंक के चेयरमैन जगदीश सिपहिया का कहना है कि एक ऋण मामले में अनियमितता जरूर पाई गई थी। लेकिन, अब रिकवरी हो रही है। मामला गंभीर नहीं है। बैंक आरबीआई को अपना जवाब देगा।