इनमें पर्यटन, बागवानी, मशरूम विकास, पेयजल संवर्धन, जल बचाव एवं वर्षा जल संरक्षण और वन प्रबंधन शामिल हैं। ये परियोजनाएं किसानों और बागवानों की आय में वृद्धि करने तथा युवाओं को रोजगार प्रदान करने में वरदान साबित होंगी।
जनमंच, मुख्यमंत्री स्वावलंबन, गृहिणी सुविधा जैसी योजनाएं जनता के हित में चलाईं। विकासात्मक योजनाओं की प्रगति की ऑनलाइन समीक्षा और निगरानी की जा रही है, ताकि कार्यों में गुणवत्ता बनाने के अलावा परियोजनाएं निर्धारित समय सीमा में पूरी हों।
बैठक में शिक्षा मंत्री सुरेश भारद्वाज, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री डॉ. राजीव सैजल, राज्य योजना बोर्ड के उपाध्यक्ष रमेश धवाला, प्रमुख सचिव मुख्यमंत्री डॉ. श्रीकांत बाल्दी, अतिरिक्त मुख्य सचिव वित्त अनिल कुमार खाची, अतिरिक्त मुख्य सचिव गृह मनोज कुुमार व आरडी धीमान आदि मौजूद रहे।