केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने ऊना को बड़ा तोहफा देते हुए पीजीआई का सेटेलाइट सेंटर खोलने की घोषणा की है। ऊना में मीडिया से बातचीत में नड्डा ने कहा कि ऊना विधानसभा क्षेत्र में प्रदेश सरकार यदि 25 एकड़ जमीन उपलब्ध करवाती है तो स्वास्थ्य विभाग इस अस्पताल को 30 महीने में तैयार कर जनता को समर्पित कर देगा।
स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि ऊना सदर के विधायक सतपाल सिंह सत्ती व सांसद अनुराग ठाकुर इसके लिए कई बार आग्रह करते रहे हैं। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार के एजेंडे में हिमाचल का विकास सबसे ऊपर है।
300 बेड के इस अस्पताल पर 320 करोड़ का खर्च आएगा। इसका संचालन पीजीआई चंडीगढ़ से होगा। अस्पताल में ओपीडी के लिए 125 विशेषज्ञ चिकित्सक तैनात किए जाएंगे।
ये होंगी सुविधाएं
अस्पताल में इंटरनल मेडिसन, सर्जरी, स्त्री रोग विशेषज्ञ, बाल रोग विशेषज्ञ, एनेस्थीसिया, रेडियोथैरेपी, नेत्ररोग, ईएनटी, डेंटल, सामुदायिक और पारिवारिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ सुविधाएं उपलब्ध होंगी।
वहीं आईसीयू ऑपरेशन थियेटर, ब्लड बैंक, लैब, एमआरआई, अल्ट्रासाउंड, एक्स-रे की सुविधाएं भी होंगी। नड्डा ने कहा कि ऊना अस्पताल में मदर एंड चाइल्ड केयर यूनिट स्थापित करने के लिए केंद्र सरकार कृत संकल्प है। अंब में ट्रामा यूनिट स्थापित करने के लिए टीम दौरा करेगी।
संसदीय बोर्ड तय करेगा सीएम उम्मीदवार: नड्डा
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री ने भाजपा के सीएम चेहरे पर फैसले को पार्टी के संसदीय बोर्ड का अधिकार क्षेत्र बताया है। उन्होंने कहा, हिमाचल का चुनाव केंद्रीय नेतृत्व की रणनीति के तहत लड़ा जाएगा।
संसदीय बोर्ड ही पार्टी के सीएम पद के चेहरे पर फैसला लेगा। मुख्यमंत्री वीरभद्र पर निशाना साधते हुए नड्डा ने कहा नैतिकता के आधार पर सीएम को इस्तीफा दे देना चाहिए। हिमाचल देव व वीरभूमि है, जिसकी पहचान अब भ्रष्टाचार के लिए होने लगी है।