आईओसी की मंजूरी के बाद निगम फ्यूल बिजनेस भी करेगा शुरू
पेट्रोल-डीजल के साथ सीएनजी और ई-वाहन चार्जिंग की भी मिलेगी सुविधा
ऑटोमैटिक सिस्टम से होगी ईंधन की आपूर्ति
सुमित ठाकुर
शिमला। राजधानी में अब नगर निगम पेट्रोल पंप का संचालन करेगा। इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन (आईओसी) से इस परियोजना को लेकर आधिकारिक मंजूरी मिल चुकी है। ऐसे में अब नगर निगम शहर में पहली बार अपना फ्यूल स्टेशन खोलने जा रहा है। नगर निगम का दावा है कि इससे न केवल निगम को आमदनी होगी, बल्कि शहर के सबसे बड़े आईजीएमसी अस्पताल आने वाले रोगियों के तीमारदारों को भी इस पेट्रोल पंप का सीधा लाभ मिलेगा।
नगर निगम शहर के व्यस्ततम क्षेत्र आईजीएमसी के समीप बने बस अड्डे में पेट्रोल पंप खोलने जा रहा है। नगर निगम का दावा है कि इस अत्याधुनिक पेट्रोल पंप पर पेट्रोल और डीजल के अलावा सीएनजी और इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए चार्जिंग की सुविधा भी उपलब्ध होगी। नगर निगम का कहना है कि पहली बार आम नागरिकों को एक ही स्थान पर मल्टी-फ्यूल सुविधा मिलेगी। यह पेट्रोल पंप विदेशों की तर्ज पर पूरी तरह ऑटोमेटिक तकनीक से संचालित किया जाएगा। इससे न ईंधन भरने में पारदर्शिता, सटीकता और समय की बचत होगी। आर्थिक दृष्टि से भी यह परियोजना निगम के लिए फायदेमंद साबित होगी। पेट्रोल पंप से नगर निगम को लीज मनी और स्थायी आय का नया स्रोत भी जनरेट होगा। वहीं इससे होने वाली आय से शहर की सुविधाओं को भविष्य में बेहतर करने में आसानी होगी।
कोट्स
राजधानी को स्मार्ट, पर्यावरण अनुकूल बनाने के लिए लगातार नई योजनाओं पर काम किया जा रहा है। ऐसे में नगर निगम की ओर से पेट्रोल पंप का संचालन शहर के विकास की दिशा में एक बड़ा कदम है। इससे नागरिकों को आधुनिक और एकीकृत सुविधाएं मिलेंगी जबकि निगम की आय में भी वृद्धि होगी।
-भूपेंद्र अत्री, आयुक्त, नगर निगम शिमला