हिमाचल के बिलासपुर में जुखाला स्कूल में तैनात पर्यटन विषय के शिक्षक को शुक्रवार को एसएमसी और लोगों ने मिलकर स्कूल से बाहर निकाल दिया। लोगों ने प्रधानाचार्य को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि यह शिक्षक दूसरी बार स्कूल में आया तो इसके गंभीर परिणाम भुगतने पड़ेंगे। इसके लिए प्रधानाचार्य जिम्मेवार होगा।
उल्लेखनीय है कि शिक्षक पर कांगड़ा जिला में एक महिला के साथ दुराचार करने के आरोप लगे हैं। जिस संबंध में धर्मशाला महिला पुलिस थाना में मामला दर्ज है। आरोपी की धरपकड़ के लिए पुलिस बिलासपुर में भी दबिश दे चुकी है। हालांकि इस दौरान आरोपी ने हाईकोर्ट से इस मामले में अग्रिम जमानत ले ली है।
इसके बाद आरोपी शिक्षक शुक्रवार को जुखाला स्कूल पहुंच गया और बच्चों को पढ़ाने लगा। जैसे ही लोगों को इस बारे में पता लगा तो क्षेत्र के लोग स्कूल में पहुंच गए। लोगों ने एसएमसी के माध्यम से प्रधानाचार्य को ज्ञापन सौंपा। इसमें कहा गया है कि उन्हें इस स्कूल में यह शिक्षक मंजूर नहीं है। इसे तत्काल स्कूल से बाहर किया जाए।
वहीं, अभिभावकों ने साफ किया कि अगर उक्त शिक्षक दूसरी बार स्कूल में आया तो इसके गंभीर परिणाम होंगे। प्रधानाचार्य के माध्यम से मुख्यमंत्री, राज्यपाल, सचिव शिक्षा विभाग, निदेशक शिक्षा विभाग और पुलिस अधीक्षक बिलासपुर ज्ञापन भेजा गया।
स्कूल प्रबंधन समिति के अध्यक्ष संजीव कुमार, सदस्य जीत राम, सेव माउंट संस्था के अध्यक्ष पवन ठाकुर, महासचिव संजय कटवाल, बीडीसी सदस्य रूप लाल भट्टी, जुखाला पंचायत उपप्रधान जगदीश ठाकुर, कोटला पंचायत उपप्रधान सुमन ठाकुर आदि ने प्रधानाचार्य से तुरंत आरोपी शिक्षक को स्कूल से बाहर करने की मांग की। लोगों के गुस्से को देखते हुए प्रधानाचार्य सुरेश धीमान ने शिक्षक को स्कूल से तुरंत बाहर भेज दिया।
प्रधानाचार्य सुरेश धीमान ने कहा कि लोगों की मांग पर शिक्षक को तुरंत स्कूल से बाहर भेज दिया गया है। मामले की पूरी रिपोर्ट बनाकर उच्च अधिकारियों भेजी जा रही है।
स्कूल के प्रधानाचार्य से पूरे मामले की रिपोर्ट मांगी गई है। रिपोर्ट आते ही उसे निदेशक कार्यालय शिमला भेज दिया जाएगा। वहां से जो भी आदेश मिलेगा उस पर अमल किया जाएगा। -अमर सिंह ठाकुर, उपनिदेशक, शिक्षा विभाग, बिलासपुर