गगल हवाई अड्डे के विस्तारीकरण के विरोध में बुधवार को सात पंचायतों गगल, नंदेहड़, सहौड़ा, इच्छी, मटौर, रिछयालू, सनौरा के सैकड़ों ग्रामीणों ने एयरपोर्ट के गेट पर धरना दिया।
ग्रामीणों ने एयरपोर्ट विस्तार पर रोक लगाने की मांग करते हुए चेतावनी दी कि सरकार को भूमि अधिग्रहण से पहले हजारों किसानों, मजदूरों, दुकानदारों, बेरोजगारों की लाशों के ऊपर से गुजरना होगा। गठित संघर्ष समिति के बैनर तले गुस्साए ग्रामीणों ने पुराना मटौर से गगल एयरपोर्ट तक रोष रैली निकाली।
कांगड़ा ब्लॉक प्रधान यूनियन के अध्यक्ष एवं सहौड़ा पंचायत के प्रधान विजय कुमार विजू ने कहा कि हवाई अड्डे के विस्तार से जहां सैकड़ों परिवार उजड़ जाएंगे, वहीं कूहलें बंद होने से उपजाऊ जमीन भी बंजर हो जाएगी। ग्रामीणों ने सरकार को सचेत किया कि खेतीबाड़ी नहीं होगी तो सैकड़ों परिवार गुजारा कैसे करेंगे।
प्रदर्शनकारियों विजय शर्मा, कुलभाष, विजय कुमारू, रविंद्र बाबा, प्रदीप, वेद चौधरी, बिंदु धनोटिया, इकबाल, हंसराज, वेद चटानी, बलदेव, कुलभूषण, अशोक कुमार, जसबीर, सुनीता देवी, रोशन लाल शामिल थे। लोगों ने कहा कि गांवों के उजड़ने से कई लोग बेरोजगार होंगे। सरकार रोजगार देने में तो असमर्थ है, लेकिन जो स्वरोजगार से परिवार पाल रहे हैं, उन्हें भी उजाड़ा जा रहा है।