परिवहन मंत्री बिक्रम सिंह से आश्वासन मिलने के बाद पीस मील वर्करों ने टूल डाउन हड़ताल खत्म कर दी है। मंगलवार को यूनियन के पदाधिकारियों ने मंत्री से मुलाकात की। मंत्री ने पदाधिकारियों को तीन सप्ताह के भीतर अनुबंध पर लाने का आश्वासन दिया। इसके बाद वर्कर काम पर लौट आए हैं।
परिवहन निगम में 950 पीसमील वर्कर हैं। ये वर्कर करीब सात सालों से वर्कशॉप में सेवाएं दे रहे हैं। हर बार इनके लिए पॉलिसी या अनुबंध पर लाने की बात कही जाती है, लेकिन इन्हें आश्वासन ही दिया जाता है। इस बार यूनियन के पदाधिकारियों ने काम बंद करने का फैसला लिया था।
बता दें कि इनके हड़ताल पर रहने से निगम प्रबंधन को लाखों रुपये का घाटा हुआ है। खराब बसें विभिन्न वर्कशॉप में खड़ी हो गई हैं। कई रूट प्रभावित भी हुए। ऐसे में सरकार ने इन वर्करों को अनुबंध पर लाने का आश्वासन दिया है। पीस मील वर्कर के महासचिव हरि कृष्ण ने कहा कि मंत्री के आश्वासन के बाद हड़ताल खत्म कर दी है।
नोटिस से पहले हड़ताल खत्म
पीस मील वर्कर 17 अगस्त से हड़ताल पर चल रहे थे। इन्होंने निगम प्रबंधन को 26 अगस्त तक का नोटिस दिया था। इससे पहले परिवहन मंत्री बिक्रम ठाकुर ने इनकी मांगे पूरी करने का आश्वासन दिया है। हिमाचल में परिवहन निगम की 28 वर्कशॉप में बसों की मरम्मत का जिम्मा इन वर्करों पर है। एचआरटीसी संयुक्त समन्वय समिति के सचिव खमेंद्र गुप्ता और वरिष्ठ पदाधिकारी राजेंद्र ठाकुर ने बताया कि पूर्व में करीब 400 पीस मील वर्करों को अनुबंध पर लेकर तीन साल बाद नियमित किया गया है।