दोनों वार्डाें की आम सभाओं में रविवार को पारित हुए प्रस्ताव, टुटीकंडी के लिए विधायक ने दिए 35 लाख
लावारिस कुत्तों, खस्ताहाल सफाई व्यवस्था पर बरपा हंगामा
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। राजधानी के टुटीकंडी और विकासनगर वार्ड के हजारों लोगों को जल्द ही पार्किंग, सामुदायिक भवन और सड़क सुविधाएं मिलने वाली हैं। दोनों वार्डाें की आम सभाओं में रविवार को विकास से जुड़े कई प्रस्ताव पारित किए गए हैं।
शहर के टुटीकंडी वार्ड में शहरी विधायक हरीश जनारथा की अध्यक्षता में वार्ड सभा बुलाई गई। इस मौके पर स्थानीय पार्षद एवं उप महापौर उमा कौशल ने वार्ड में चल रहे विकास कार्याें की जानकारी दी। साथ ही वार्ड की ओर से तैयार किए गए नए प्रस्तावों को भी वार्ड सभा में रखा। कहा कि पांजड़ी पार्किंग के पास सामुदायिक भवन बनाने की योजना है। इसी तरह 103 टनल के पास एक एमएलडी क्षमता का जल भंडारण टैंक बनाया जाएगा ताकि पूरे वार्ड को एकसाथ पीने के पानी की आपूर्ति हो सके। बाग गांव में सामुदायिक हॉल, रिड़का के पास स्टील पार्किंग बनाने का भी प्रस्ताव पारित किया गया। पांजड़ी स्कूल से शिव मंदिर तक का रास्ता पक्का किया जाएगा। प्रकाश हाउस से सुदेश हाउस तक छह इंच की सीवरेज लाइन भी बिछाई जाएगी। बैठक में मेहता काॅलोनी में लावारिस कुत्तों के बढ़ते आतंक का मुद्दा भी उठा। विधायक ने लोगों की समस्याएं सुनीं और इन्हें दूर करने के निर्देश दिए। साथ ही वार्ड में विकास कार्य के लिए 35 लाख रुपये बजट देने की भी घोषणा की।
विकासनगर में कचरे के ढेर, स्वास्थ्य सुविधाएं भी बदतर
विकासनगर में पार्षद रचना भारद्वाज की अध्यक्षता में हुई वार्ड सभा में लोगों ने सफाई व्यवस्था पर सवाल उठाए। कहा कि वार्ड में जगह जगह कचरे के ढेर लग गए हैं। खुले में कौन लोग कचरा फेंक रहे हैं, इसकी निगरानी के लिए सीसीटीवी लगने चाहिए। आंजी, घाटड़ू, देवनगर में स्ट्रीट लाइटें लगाने की मांग की। लोगों ने वार्ड में स्वास्थ्य सुविधाएं सुधारने की भी मांग की। पार्षद ने भी माना कि स्वास्थ्य केंद्र में डॉक्टर समय पर नहीं पहुंचते। इस बारे में लोग कई बार शिकायतें दे चुके हैं। डॉक्टरों को सुबह समय पर स्वास्थ्य केंद्र आना चाहिए। बैठक में विजयनगर और देवनगर में टीसीपी कार्यालय के पास नई सड़कें बनाने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी गई। बैठक में साथ लगती पंचायत के लोग भी शामिल हुए। कहा कि नगर निगम वार्ड में जो नाले और नालियां बना रहा है, उन्हें निचले इलाकों तक पक्का किया जाए। लावारिस कुत्तों की बढ़ती समस्या पर भी लोगों ने सवाल उठाए। कहा कि निगम हमलावर हो रहे कुत्तों को पकड़े।