हिमाचल प्रदेश गैर शिक्षक कर्मचारी महासंघ की लंबित मांगों को सरकार ने पूरा कर दिया है। अतिरिक्त मुख्य सचिव शिक्षा पीसी धीमान के साथ हुई कर्मचारी महासंघ की बैठक में कई मांगों को सैद्धांतिक तौर पर मंजूर कर लिया गया है। कुछ मांगों के प्रस्ताव बनाकर सरकार को भेजने का फैसला हुआ।
कर्मचारी महासंघ के अध्यक्ष त्रिलोक ने बताया कि अतिरिक्त मुख्य सचिव के साथ 11 सूत्रीय मांगपत्र पर चर्चा की गई। सरकार ने साल 2006-07 से अपग्रेड किए गए 413 वरिष्ठ माध्यमिक पाठशालाओं में गैर शिक्षकों के नए पद सृजित करने को मंजूरी दे दी है। हर स्कूल में अधीक्षक ग्रेड टू, सहायक और लिपिक के पद भरे जाएंगे।
उच्च शिक्षा निदेशालय स्थित रूसा सैल में अधीक्षक ग्रेड टू का एक पद, सहायक के तीन पद और लिपिक के तीन पद भरे जाएंगे। रजिस्ट्रार/प्रशासनिक अधिकारी एवं स्थापना अधिकारियों के पदों को प्लेसमेंट की ओर से जल्द भरा जाएगा। त्रिलोक ठाकुर ने बताया कि प्रारंभिक शिक्षा निदेशालय एवं उच्च शिक्षा निदेशालय के गठन के बाद 68:32 अनुपात में पदों का विभाजन हुआ था। इस मामले को भी सुलझा लिया गया है।
उन्होंने बताया कि सभी राजकीय महाविद्यालयों में अधीक्षक ग्रेड वन के पदों को सृजित करने के लिए 15 दिन के भीतर मुख्यमंत्री को प्रस्ताव भेजने का अतिरिक्त मुख्य सचिव ने आश्वासन दिया है। अगली बैठक को सात अप्रैल को बुलाया गया है। अतिरिक्त निदेशक उच्च शिक्षा एलके शर्मा, निदेशक रूसा सैल डा. अमरदेव, अतिरिक्त निदेशक प्रारंभिक शिक्षा आशीष कोहली, महासंघ के मुनीष गुलेरिया, देवेंद्र चौहान, नरेंद्र ठाकुर, उपप्रधान नागेंद्र कपूर, बलीराम गर्ग, सतीश, शिमला जिला के प्रधान अश्वनी, सोलन के टिक्कम ठाकुर, ऊना के प्रधान पवन शर्मा, वीरेंद्र और गौतम मौजूद रहे।