शिमला शहर के करीब पचास हजार भवन मालिकों को तय समय से पहले टैक्स जमा करवाने के लिए दस फीसदी छूट देने की योजना की हवा निकल गई है। नगर निगम ने जोर- शोर से ऐलान किया था प्रापर्टी टैक्स लोक मित्र केंद्रों में भी जमा करवा सकते हैं जब भवन मालिकों वहां टैक्स जमा करवाने पहुंच रहे हैं तो तो पता चल रहा है कि निगम का टैक्स सॉफ्टवेयर 10 फीसदी की छूट नहीं ले रहा है।
लिहाजा भवन मालिकों को पूरा पैसा ही जमा करवाना पड़ रहा है। इससे प्रत्येक भवन मालिक की जेब से अधिक पैसा नगर निगम को जा रहा है। इस बारे में कई जागरूक नागरिकों ने नगर निगम प्रशासन को सूचित भी किया लेकिन इसका कोई हल नहीं निकला। विकास समिति के अध्यक्ष नागेंद्र गुप्ता ने कहा की निगम ने पिछले दिनों लोक मित्र केंद्र में भवन मालिकों को प्रापर्टी टैक्स जमा करवाने की सुविधा दी है।
लेकिन लोक मित्र केंद्र में जब भवन मालिक टैक्स जमा करवाने गए तो निगम टैक्स साफ्टवेयर 10 प्रतिशत छूट नहीं ले रहा है। इस कारण अधिकतर भवन मालिक पिछले कई दिनों से गृहकर जमा करवाने से वंचित रह रहे हैं। अब नगर निगम की टैक्स शाखा सिर्फ टैक्स बिल जारी होने की तारीख के दिन से 18 दिन के भीतर 10 प्रतिशत छूट देने की बात कर रहा है और पूरी राशि जमा करवाने की हिदायत दे रहा है।
नागेंद्र गुप्ता ने कहा कि इस विषय में तकरीबन पिछले 15 दिन से मौखिक रूप से महापौर उपमहापौर तथा निगम प्रशासन को कई बार अवगत करवा दिया गया है लेकिन अभी तक निगम का सॉफ्टवेयर ठीक नहीं हुआ है। लोकमित्र केंद्र में पता करने पर संबंधित केंद्र के कर्मचारियों ने भी सॉफ्टवेयर ठीक नहीं होने की बात की है।
10 प्रतिशत छूट की अवधि बढ़े
विकास समिति टुटू ने जनहित में सॉफ्टवेयर में खराबी होने के कारण 10 प्रतिशत छूट की अवधि बढ़ाने की मांग की है ताकि भवन मालिक को ज्यादा टैक्स का भुगतान न करना पड़े। गुप्ता ने कहा की निगम सुविधाओं के नाम पर टैक्स वसूली तो कर रहा है लेकिन मूलभूत सुविधा विशेषकर सीवरेज प्रणाली का कार्य खटाई में पड़ा हुआ है।
अगले बिल में कर लेंगे एडजस्ट : सरकैक
नगर निगम सहायक आयुक्त प्रशांत सरकैक ने कहा कि प्रापर्टी टैक्स भुगतान के सॉफ्टवेयर में तकनीकी खराबी के कारण भवन मालिकों को 10 प्रतिशत छूट नहीं मिल पाई है लेकिन अब तकनीकी खराबी को ठीक करवा दिया गया है। जिन भवन मालिकों को प्रापर्टी टैक्स बिल जमा करवाने पर निर्धारित छूट नहीं दी गई है उन्हें अगले बिल में यह 10 प्रतिशत छूट दे दी जाएगी।