राज्यपाल और गुरुकुल कुरुक्षेत्र के संरक्षक आचार्य देवव्रत ने प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों को संबोधित करते हुए कहा कि गुरुकुल कुरुक्षेत्र जीरो बजट प्राकृतिक कृषि व जैव उर्वरकों के नवीन प्रयोगों के द्वारा कृषि क्षेत्र को जहरमुक्त बनाने का अमर संदेश देकर किसानों को जागरूक कर रहा है।
गुरुकुल ने प्राकृतिक कृषि के तहत जीवामृत्त और घनजीवामृत्त का निर्माण कर 50 एकड़ बंजर भूमि को उपजाऊ बनाया है। इस पर उन्नत फ सलें लहलहा रही हैं। राज्यपाल ने प्रतिनिधिमंडल को गुरुकुल के खेतों में ले जाकर उन्नत फ सलें दिखाईं। इन्हें देखकर प्रतिनिधिमंडल के सदस्यगण अभिभूत हो गए।
प्रतिनिधिमंडल ने गुरुकुल की गोशाला में मौजूद गीर, साहिवाल, थारपारकर, राठी, सिंधी, हरियाणा नस्ल की गाय और सांड वातानुकूलित श्रीगोपाल कृष्ण गोशाला, संवर्धन और विकास केंद्र मिल्किंग पार्लर और गोमाता तरणताल का अवलोकन किया।
इस अवसर पर गुरुकुल के प्रधान कुलवंत सिंह सैनी, राज्यपाल के ओएसडी डॉ. राजेंद्र विद्यालंकार, गुरुकुल के निदेशक एवं प्राचार्य कर्नल अरुण दत्ता, सह प्राचार्य शमशेर सिंह के अतिरिक्त अनेक गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थेे।