हिमाचल प्रदेश के ऊना जिले के बाथू-बाथड़ी में राजीव गांधी भवन के पास गुरुवार दोपहर करीब 1:00 बजे भीषण अग्निकांड में प्रवासी मजदूरों की 148 झुग्गियां जलकर राख हो गईं। अग्निकांड के वक्त अधिकतर प्रवासी काम पर गए थे। भीतर बच्चे सो रहे थे लेकिन उन्हें वक्त रहते बाहर निकाल लिया गया। इस अग्निकांड में कोई भी हताहत नहीं हुआ है। आग लगने के कारणों का अभी खुलासा नहीं हो पाया है।
दमकल विभाग की तीन गाड़ियों ने इस आग पर करीब एक घंटे में काबू पाया। घटना में करीब 15 लाख रुपये का नुकसान आंका गया है। बताया जा रहा है कि दोपहर को एक झुग्गी में अचानक आग भड़क गई। आग ने साथ लगती कुछ झुग्गियों को भी अपनी चपेट में ले लिया। इस बीच हवा तेज होने की वजह से आग फैल गई। देखते ही देखते 148 झुग्गियां राख के ढेर में तब्दील हो गईं। झुग्गियों में रखे चार एलपीजी सिलिंडर भी फट गए। सूचना मिलने के बाद मजदूर भी मौके पर पहुंच गए।
अपने आशियानों को जलता देख चीख-पुकार मच गई। दमकल विभाग की मुस्तैदी से इस घटना में 40 लाख रुपये की संपत्ति जलने से बचाई गई है। घटना में एक पेट्रोल पंप, स्कूल भवन, खोखा मार्केट और साथ लगतीं 50 झुग्गियों को बचाया गया है। फायर स्टेशन टाहलीवाल के प्रभारी सुनील दत्त ने बताया कि सूचना मिलने के पांच मिनट के भीतर ही टीम मौके पर पहुंच गई थी।
प्रभावित परिवारों के लिए ठहरने-खाने की व्यवस्था
उपायुक्त राघव शर्मा ने बताया कि प्रभावितों के रहने का प्रबंध करने के लिए टेंट की व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए हैं। खाने का प्रबंध भी किया गया है। एसडीएम हरोली विकास शर्मा ने बताया कि 148 झुग्गियां जलने से 885 सदस्य प्रभावित हुए हैं। फौरी राहत के रूप में प्रति परिवार 5000 रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी।