चौरा टनल के पास गिरे भारी भरकम पत्थर।
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जनजातीय जिला किन्नौर में चौरा टनल के पास शनिवार सुबह 3:45 बजे अचानक पहाड़ी से भूस्खलन हुआ। एनएच पांच पर बड़ी-बड़ी चट्टानें गिरने से पूरी तरह से वाहनों के पहिये थम गए। किन्नौर का देश-दुनिया से संपर्क कट गया। यातायात अवरुद्ध होने से हजारों लोगों सहित पर्यटकों को आवाजाही करने में परेशानियों का सामना करना पड़ा। करीब 10 घंटे बाद एनएच को बहाल किया जा सका। मार्ग बहाल होते ही हजारों लोगों ने राहत की सांस ली।
किन्नौर जिले में एनएच पांच पर भारी बरसात के बाद सफर जोखिम भरा बना हुआ है। एनएच पर कई स्थानों पर बार-बार भूस्खलन हो रहा है। इससे पहले निगुलसरी में भी बार-बार एनएच बाधित होता रहा, जिसके कारण लोगों, मरीजों, पर्यटकों सहित बागवानों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
शनिवार सुबह चौरा टनल के पास अचानक पहाड़ी से भूस्खलन होने से यातायात ठप हो गया। एनएच पांच के दोनों ओर वाहनों की कतारें लग गईं। हालांकि प्राधिकरण ने तीन मशीनें तैनात कर एनएच को युद्धस्तर पर कार्य कर बहाल किया।
दिनेश नेगी, प्रवेश नेगी, राजेश नेगी, अमर नेगी, राजकमल नेगी, प्रेमराज नेगी और गौतम सिंह नेगी ने बताया कि यातायात बाधित होने से परेशानियों का सामना करना पड़ा। उधर, राष्ट्रीय उच्च मार्ग प्राधिकरण के कनिष्ठ अभियंता सतीश जोशी ने कहा कि एनएच को बहाल करने के लिए तीन मशीनें तैनात की गई थीं। एनएच को छोटे वाहनों के लिए 12:00 बजे और बड़े वाहनों के लिए 1:30 बजे बहाल कर दिया गया।