दिल्ली के उप मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया।
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दिल्ली के उप मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने कहा कि हिमाचल में शिक्षा व्यवस्था की पोल खोलने से शिक्षा मंत्री गोविंद ठाकुर घबरा गए हैं। शिक्षा मंत्री प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था की सच्चाई सामने आने के बाद हकीकत पर पर्दा डालने की कोशिश कर रहे हैं। सिसोदिया ने ट्वीट किया है कि देखकर खुशी हुई कि हिमाचल में शिक्षा पर चर्चा तो शुरू हुई। उन्होंने शिक्षा मंत्री से कहा कि हिमाचल में भाजपा सरकार स्कूल दिखाए और मैं दिल्ली के स्कूल दिखाता हूं। इसके बाद फिर इस मसले पर खुली बहस करेंगे। जनता खुद तय कर लेगी कि किस राज्य में शिक्षा पर अच्छा काम हुआ है। दूसरी ओर, शिक्षा मंत्री गोविंद ठाकुर के बयान की आम आदमी पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता गौरव शर्मा ने निंदा की है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के सभी जिलों में शिक्षकों की कमी है।
स्कूलों की दयनीय हालत को लेकर जनता सड़कों पर उतरकर प्रदर्शन कर रही है। मंगलवार को शिमला में आप का शिक्षा पर जन संवाद कार्यक्रम भी हुआ। मंत्री कह रहे हैं कि दिल्ली में स्कूल कम हैं और जनसंख्या भी कम है। हिमाचल की जनता 70 लाख है और स्कूल 15 हजार से ज्यादा हैं। दिल्ली की जनसंख्या ढाई करोड़ के पार है और दिल्ली के स्कूल पिछले सात साल में देश के लिए मॉडल बनकर उभरे हैं। चार लाख छात्र निजी स्कूलों को छोड़कर सरकारी स्कूलों में आए हैं। हिमाचल में दो लाख छात्र सरकारी स्कूलों को छोड़कर निजी स्कूलों में गए। दो हजार से ज्यादा स्कूल एक-एक शिक्षक के सहारे चल रहे हैं। 47 फीसदी स्कूलों में प्रिंसिपल ही नहीं हैं। स्कूलों में शौचालय और खेल मैदान उपलब्ध नहीं हैं।