इसके चलते शिमला से आखिरी गाड़ी में पर्यटक समय पर कालका नहीं पहुंच पाए। इस कारण बाहरी राज्यों को जाने वाली हावड़ा मेल भी देरी से रवाना हुई।
शिमला में सोमवार को सुबह तो धूप खिली रही लेकिन दोपहर बाद हल्की ओलावृष्टि के साथ जोरदार बारिश हुई।
शहर की सड़कें कुछ ही देर में पानी से लबालब हो गईं। कुल्लू, मंडी और मैदानी क्षेत्रों में अधड़ से आम, सेब और अन्य नकदी फसलों को नुकसान हुआ है। मानसून से पहले ही प्रदेश में तीन जगह बादल फटने से नुकसान हो चुका है।
प्रदेश के मध्य पर्वतीय क्षेत्रों शिमला, सोलन, सिरमौर, मंडी, कुल्लू और चंबा के कुछ क्षेत्रों में मंगलवार को भी बारिश के आसार हैं। मैदानी क्षेत्रों ऊना, बिलासपुर, हमीरपुर, कांगड़ा और उच्च पर्वतीय क्षेत्रों किन्नौर व लाहौल स्पीति में 14 जून तक मौसम साफ रहने का पूर्वानुमान है।
मौसम विज्ञान केंद्र शिमला ने 15 जून से पूरे प्रदेश में बारिश की संभावना जताई है। सोमवार को प्रदेश के अधिकतम तापमान में एक से दो डिग्री की बढ़ोतरी दर्ज हुई।
ऊना में अधिकतम तापमान 39.6, बिलासपुर में 36.4, हमीरपुर में 35.8, चंबा में 35.6, सुंदरनगर में 35.4, भुंतर में 35.0, नाहन में 32.9, सोलन में 32.0, शिमला में 26.5 और डलहौजी में 22.9 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया।
स्थान बारिश (मिमी)
पांवटा साहिब 65
रेणुका 21
शिमला 20
करसोग 18
राजगढ़ 15
मशोबरा 12
बंगाणा 10
कुफरी 09