पहले चरण में सरकार दूसरे राज्यों में फंसे विद्यार्थियों को लाने की कवायद में जुट गई है। केंद्र के निर्देश के बाद सरकार ने पंजाब और उत्तर प्रदेश सरकार के अलावा चंडीगढ़ प्रशासन से संपर्क साध लिया है। इन तीनों ही राज्यों में करीब 900 विद्यार्थी फंसे हुए हैं, जिनके पास अब पैसे न होने की वजह से स्थिति खराब है। तीनों ही राज्यों को पत्र लिखकर सरकार ने विद्यार्थियों को लाने के लिए रणनीति बनानी शुरू कर दी है।
सरकार ने चंडीगढ़ में फंसे 840, वाराणसी के संपूर्णानंद संस्कृत विश्वविद्यालय में फंसे 22 और लवली प्रोफेशन विश्वविद्यालय व जालंधर में फंसे 31 विद्यार्थियों को लाने के लिए तीनों ही जगह की सरकार व प्रशासन के संपर्क में आ गई है। पंजाब व यूपी को पत्र लिख दिया गया है और यूपी ने अपनी सरकारी बसों में 22 लोगों को भेजने की मंजूरी भी दे दी है। जालंधर से विद्यार्थियों को लाने के लिए पत्राचार जारी है। चंडीगढ़ प्रशासन से लाने के लिए संपर्क किया गया है।