हिमाचल में कर्फ्यू में ढील का समय तीन से चार घंटे कर दिया गया है। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने बताया कि केंद्र सरकार के अनुसार हिमाचल में शॉप एंड एस्टेबलिशमेंट एक्ट के तहत पंजीकृत सभी दुकानें ढील के समय सशर्त खुली रहेंगी। ग्रामीण इलाकों में भी दुकानें खुली रहेंगी, लेकिन शॉपिंग मॉल की दुकानें बंद रहेंगी। इनमें कपड़े, जूते, किराना, स्टेशनरी, दूध-ब्रेड, मोबाइल शॉप, मेकेनिकल शॉप खुलेंगी। नगर निगम और निकाय क्षेत्र में पंजीकृत दुकानें खुलेंगी, लेकिन मल्टी ब्रांड और सिंगल ब्रांड मॉल बंद रहेंगे। राज्य में शराब के ठेके, बार्बर, ब्यूटी पार्लर, चाय की दुकानें, जिम और रेस्तरां बंद रहेंगे। इसके अलावा रिहायशी परिसरों (सोसायटियों के परिसर) में भी दुकानें खुली रहेंगी। कंटेनमेंट जोन में कोई छूट नहीं होगी। ई-कामर्स कंपनियों को सिर्फ जरूरी सामान की आपूर्ति की ही अनुमति होगी।
सरकार ने निर्देश दिए हैं कि इन दुकानों को खोलकर रखा जा सकता है लेकिन केंद्र और स्वास्थ्य विभाग के दिशा- निर्देशों का सख्ती से पालन करना होगा। इसके अलावा दुकानों में सामाजिक दूरी का ध्यान रखना होगा। दुकानों में कर्मचारियों की संख्या भी 50 फीसदी रखनी होगी। दुकानों के कर्मचारियों को भी मास्क पहनकर रहना होगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सारी व्यापारिक गतिविधियां बंद पड़ी हैं। ऐसी स्थिति में शहरी क्षेत्र और ग्रामीण क्षेत्रों में सभी दुकानदारों को नुकसान का सामना करना पड़ रहा है। ऐसे में हमने निर्णय लिया है कि कर्फ्यू की ढील तीन घंटे की जगह चार घंटे कर दिया है। अगर हालात ठीक रहे तो आने वाले समय में ढील और बढ़ेगी। इसके अलावा प्रदेश के लोगों को मॉर्निंग वॉक के लिए सुबह साढ़े पांच बजे से सात बजे तक का समय निर्धारित कर दिया है। सीएम ने कहा कि हिमाचल प्रदेश में कोरोना वायरस के मामले पिछले कुछ दिनों से हमारे सामने ज्यादा नहीं आए हैं। प्रदेश में पॉजिटिव मामलों की संख्या 40 तक पहुंची है। हमने जो एहतियात बरते हैं उससे ऐसा हो पाया है।