संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। राधा-कृष्ण मंदिर गंज बाजार में बुधवार को श्री राधा अष्टमी उत्सव मनाया गया। राधा-कृष्ण के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी।
दोपहर 12:00 बजे मंदिर के कपाट खुलते ही किशोरी जी दा जन्म होया भजन पर श्रद्धालु जमकर झूमे। भक्तों ने राधे- राधे शाम मिलादे के जयकारे लगाए। इससे पहले सुबह 11:00 बजे मंदिर के पुजारी सुशील शर्मा ने राधा-कृष्ण का पंचामृत से अभिषेक किया। मनमोहक शृंगार किया गया। इसके साथ ही राधा-कृष्ण को सोने के हार और कड़े पहनाए गए। इसके बाद राधा-कृष्ण को 56 प्रकार के व्यंजनों का भोग लगाया। इसमें माखन मिश्री, खिचड़ी, अरबी, हलवा, पूरी, मट्ठी, मीठे चावल, सेवईयां, कसार, पकौड़े, मटरी, लड्डू, गुजिया, जलेबी, रसगुल्ले, गुलाब जामुन, बर्फी, काजू कतली, चॉकलेट, टॉफियां, बिस्किट, सेब, केले, अनार और केक शामिल रहे। श्रद्धालु भी राधा रानी के लिए अपने घरों से पकवान बनाकर लाए थे। भोग श्रद्धालुओं में बांटा गया।
कथावाचक हरिकृष्ण महाराज ने राधा जन्म की कथा सुनाई। इसके बाद यमुनानगर से आए गायक अंकुश क्षेत्रपाल ने राधा जन्म पर भजन गाए। उन्होंने मेरे आंगन आई राधा रानी, नाचो सखी झूम-झूम के और मिश्री से भी मीठो नाम मेरी राधा रानी का भजन गाकर वाहवाही बटोरी। इसके बाद श्रद्धालुओं के लिए गंज बाजार में भंडारा लगाया गया। इस मौके पर सनातन धर्म सभा के प्रधान अजय सूद, वरिष्ठ उपाध्यक्ष दीपक लाल सूद, सचिव धर्म पॉल पुरी, सुभाष चंद, कृष्ण गोपाल डोरा, सतपाल शर्मा, अशोक सोहाल, वेद प्रकाश, प्रचार मंत्री सुमन पॉल दत्ता मौजूद रहे।