मंडी में जिला परिषद सदस्य की ओर से पैसे के दुरुपयोग और दो पंचायतों में मनरेगा के पैसे में गोलमाल की शिकायतों के बाद पंचायती राज विभाग ने प्रदेश की सभी पंचायतों में गड़बड़ी के मामलों की जांच के आदेश दिए हैं।
पंचायतों में डीसी की अध्यक्षता में बनी कमेटी अक्तूबर में प्रस्तावित चुनाव से पूर्व इन शिकायतों की छानबीन करेगी और दोषी जनप्रतिनिधियों और अफसरों पर कार्रवाई करेगी। सरकार ने इसकी रिपोर्ट भी तलब की है।
तो बीडीओ और डीपीओ भी नपेंगे
पंचायतों में विकास का जिम्मा बीडीओ और डीपीओ का रहता है। सरकार को अंदेशा है कि कुछ ब्लॉकों में अधिकारी भी पैसे के दुरुपयोग में संलिप्त हो सकते हैं। ऐसे में इन अफसरों पर भी कार्रवाई होगी। सरकार ने बीडीओ और डीपीओ को जांच टीम से बाहर रखा है ताकि निष्पक्ष जांच हो सके।
क्या कहते है मंत्री
मंडी जिले से तीन शिकायतें आई हैं। इसके अलावा अन्य पंचायतों में जहां से भी शिकायतें आई हैं या गोलमाल का अंदेशा है, जांच के आदेश जारी किए हैं। सभी मामले पंचायत चुनाव से पूर्व निपटाए जाएंगे।- अनिल शर्मा, पंचायतीराज मंत्री
इन कार्यों की होगी जांच
- पंचायतों के लिए कितना पैसा जारी हुआ
- किस कार्य में कितना पैसा हुआ खर्च
- मौके पर कार्य की वास्तविक स्थिति
- कितना सीमेंट, सरिया जारी किया गया
- लोगों से भी ली जाएगी कार्य की प्रतिक्रिया
- मौके पर घटिया निर्माण कार्य पर कार्रवाई