मर्दों में इनफर्टिलिटी (नपुंसकता) की समस्या लगातार बढ़ रही है। शराब का अधिक सेवन, मानसिक तनाव, केमिकल फैक्ट्री में काम करना, टीबी इंफेक्शन नपुंसकता का कारण बन रहे हैं। मोहाली के फोर्टिस अस्पताल की डॉ. पूजा मेहता ने यह खुलासा शिमला में किया।
उन्होंने बताया कि इनफर्टिलिटी के बढ़ते मामलों में पुरुषों के शरीर में शुक्राणु कम काउंट होना आम बात है। 30 फीसदी इनफर्टिलिटी (नपुंसकता) मामलों में यही वजह पाई गई है। इससे हिमाचल प्रदेश भी अछूता नही है। 40 फीसदी मामले पहाड़ी इलाकों से भी हैं।
इसका इलाज आईसीएसआई, टीईएसए, पीआईसीएसआई और आईएमएसआई तकनीक से किया जा सकता है। और निसंतान दंपतियों को संतान मिल सकती है। मेल इनफर्टिलिटी में ज्यादा गर्म पानी से नहाना से मर्दों के शरीर में एब्सेंट शुक्राणु और शरीर में शुक्राणु का कम होना मुख्य वजह बताई है।