इसकी शिकायत यात्रियों ने ढाबा संचालक और एचआरटीसी के मंडलीय प्रबंधक शिमला से की थी। मंडलीय प्रबंधक ने तुरंत संज्ञान लेते हुए क्षेत्रीय प्रबंधक को मामले की जांच के निर्देश दिए। माना जा रहा है कि अगर कहीं से कोई राजनीतिक दबाव न पड़ा तो निगम प्रबंधक ढाबा संचालक को ब्लैकलिस्ट कर सकता है।
उधर, मंडलीय प्रबंधक शिमला दिनेश कपूर ने कहा कि दो दिन के भीतर जवाब देने के लिए कहा गया है। तीसरे दिन ढाबा संचालक को ब्लैकलिस्ट कर दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि लोगों की सेहत के साथ किसी भी सूरत में खिलवाड़ नहीं होने दिया जाएगा।