बंजार बस हादसा(फाइल फोटो)
हिमाचल में गैस एजेंसियों को पेट्रोल पंप खोलने के लिए निगम जमीन देगा। इसके लिए एजेंसियों से उचित दामों में डीजल लिया जाएगा। बंजार बस हादसे की रिपोर्ट पर परिवहन मंत्री ने कहा कि जो बस गिरी है, उसमें 87 सवारियां थीं।
यह बस दो जगह खराब हुई थी। बड़ी बात यह है कि इस बस का इंजन कम कैपेसिटी का था, परिवहन विभाग के जिस अधिकारी ने इस बस का फिटनेस प्रमाण पत्र दिया है, उस पर कार्रवाई होगी।
लोनिवि के इंजीनियर इधर-उधर घूमते रहे, लेकिन उन्हें यह नहीं लगा कि यह मोड़ तीखा है, इसकी रिपेयर होनी चाहिए। इसमें लोनिवि, पुलिस और परिवहन विभाग तीनों शामिल हैं। अब इन्हें नोटिस जारी किए जा रहे हैं।
पूर्व सरकार के कार्यकाल में खरीदी गई 12 मीटर लंबी बसें परिवहन निगम के लिए आफत बन गई हैं। ये बसें सड़कों में खड़ी जंग खा रही हैं। परिवहन निगम ने इन्हें चलाने से मना कर दिया है। परिवहन मंत्री ने तर्क दिया है कि 12 मीटर लंबी बसें हिमाचल में नहीं चल सकतीं।
इससे सड़कों पर जाम लगेगा। बसों को तीखे मोड़ पर मोड़ना खतरे से खाली नहीं। पूर्व में जवाहर लाल नेहरू अर्बन रिन्यूअल मिशन (जेएनयूआरएम) के तहत 325 बसें ली गई थीं। इसमें 96 बसें ऐसी है जो 12 मीटर लंबी हैं।