प्रदेश सरकार मैनुअल रोस्टर को बड़ी गंभीरता से ले रही है। रोस्टर तैयार है, मगर सरकार ने अब उपायुक्तों को फिर से रोस्टर की गंभीरता से जांच पड़ताल करने को कहा है। भाजपा रोस्टर को लेकर जगह-जगह हल्ला बोल रही है। इसके चलते सरकार आरक्षण रोस्टर को लेकर खामियां नहीं छोड़ना चाह रही है। संभावना लगाई जा रही है कि वीरवार से हिमाचल में एक के बाद एक उपायुक्त अपने अपने जिले का रोस्टर जारी कर देंगे।
प्रदेश में दिसंबर में पंचायतों के चुनाव होने हैं। पहले सरकार सॉफ्टवेयर से आरक्षण रोस्टर तैयार कर रही थी, लेकिन बाद में मैनुअल रोस्टर तैयार करने के निर्देश दिए। भाजपा का आरोप है कि चहेतों को फायदा पहुंचाने के लिए मैनुअली रोस्टर तैयार किया जा रहा है।