हिमाचल प्रदेश विधानसभा उपचुनाव में चार सीटें जीत कर सरकार बचाने में कामयाब रहे मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू को अब एक और इम्तिहान से गुजरना पड़ेगा। प्रदेश की जिन तीन सीटों पर 10 जुलाई को उपचुनाव होने जा रहा है। उसमें दो सीटें सीधे तौर पर मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू के परिवार से संबंध रखती हैं। हमीरपुर मुख्यमंत्री सुक्खू का गृह जिला है। दूसरी ओर देहरा विस क्षेत्र में उनका ससुराल का परिवार आता है। हालांकि, मुख्यमंत्री की पत्नी कमलेश ठाकुर का मायका ग्राम पंचायत नलसूहा में है, जो विधानसभा क्षेत्र जसवां-परागपुर में शामिल है, लेकिन नलसूहा गांव का प्रशासनिक और पुलिस उपमंडल देहरा के अंतर्गत है।
मुख्यमंत्री के गृह विधानसभा क्षेत्र नादौन से देहरा की सीमा सटी हुई है। एक जून को प्रदेश विधानसभा की छह सीटों पर हुए चुनाव के दौरान मुख्यमंत्री के कंधों पर लोकसभा चुनाव के साथ सरकार को बचाने की जिम्मेवारी भी थी। वर्तमान कांग्रेस के 38 विधायकों के साथ प्रदेश सरकार बहुमत में है और किसी तरह का संकट अब नहीं दिख रहा। ऐसे में मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री और कैबिनेट मंत्रियों समेत समस्त कांग्रेस विधायकों का वर्तमान समय में फोकस उपचुनाव वाली इन तीन सीटों पर रहेगा।
टिकट मिला तो क्या होशियार लगा पाएंगे जीत की हैट्रिक
इस्तीफा देने वाले विधायक होशियार सिंह ने वर्ष 2017 में अपना सियासी सफर शुरू किया। 2017 में पहली बाद देहरा हलके से बतौर निर्दलीय प्रत्याशी चुनाव जीतकर विधानसभा पहुंचे। 2022 के विस चुनाव से पहले भाजपा में शामिल हुए, लेकिन टिकट नहीं मिला। 2022 का विस चुनाव भी उन्होंने दूसरी बार निर्दलीय जीता। राज्यसभा चुनाव में क्रॉस वोटिंग के बाद कांग्रेस के छह बागी विधायकों की सदस्यता खत्म होने के बाद प्रदेश के तीन निर्दलीय विधायकों होशियार सिंह, आशीष शर्मा और केएल ठाकुर ने इस्तीफा दिया और भाजपा की सदस्यता ग्रहण की। तीनों का इस्तीफा स्वीकार होने के बाद अब यहां पर उपचुनाव हो रहा है। दिलचस्प रहेगा कि होशियार जीत की हैट्रिक लगाने में कामयाब रहते हैं।